उन्होंने कहा कि इस चैनल को जल्द से जल्द बहाल किया जाए। मरम्मत और रखरखाव का काम जल्द पूरा हो। नहर के बिना लाइन वाले हिस्से को भी प्राथमिकता के आधार पर लाइनिंग के लिए लिया जाना चाहिए, ताकि दरारों और पानी की हानि से बचा जा सके।
जानकारी के लिए बता दें कि मुनक नहर दिल्ली को पेयजल का मुख्य स्त्रोत है। ये नहर बवाना में रात 2:30 बजे पानी का अधिक दबाव होने की वजह से टूट गई। पानी बवाना जेजे कॉलोनी इलाके में भर गया। नहर को सही करने का कार्य रात को ही चालू हो गया था।
लेकिन वहीं नहर टूटने के कारण दिल्ली के कई इलाकों में पेयजल का संकट हो सकता है। नांगलोई और द्वारका जल शोधक संयंत्र ठप हो गए हैं। हैदरपुर जल शोधन संयंत्र पर भी प्रभाव पड़ा है। हालांकि, इस संयंत्र में पश्चिमी यमुना नहर से पानी भेजा जा रहा है। बिजली कंपनी ने बवाना जेजे कॉलोनी की बिजली काट दी है।