छानबीन के दौरान पता चला है कि आरोपी अक्षय अंटिल के पास से बरामद सिमकार्ड मेरठ के कंकरखेड़ा थाने की पुलिस चौकी पीपी सूर्य कॉलोनी में तैनात सिपाही ने इश्यू करवाया था। सिपाही ने बीएसएनएल और वोडाफोन कंपनी के सिम एक सीएनजी मैकेनिक के नाम पर जारी करवाए थे। इसके बाद इनको काला जठेड़ी गैंग के राकेश उर्फ राका को दी थी। इसके बाद यह सिम अक्षय और नरेश के पास पहुंच गई। इन दोनों सिमकार्ड से नरेश और अक्षय दोनों एक दूसरे के संपर्क में थे। रंगदारी मांगने के लिए भी इन सिमकार्ड का इस्तेमाल किया गया था। पुलिस ने उस सिपाही से भी पूछताछ की है। फिलहाल उससे पूछताछ जारी है।
पंजाब के मानसा में पंजाबी गायब सिद्धू मूसेवाला हत्याकांड की जिम्मेदारी लारेंस बिश्नोई व उसके गैंग ने ली थी। चूंकि लारेंस बिश्नोई और काला जठेड़ी गैंग के बीच खासी नजदीकियां हैं। ऐसे में पुलिस अक्षय अंटिल से भी मूसेवाला हत्याकांड की जानकारी जुटाने का प्रयास करेगी। इस बात का पता लगाने का प्रयास किया जाएगा कि मूसेवाला हत्याकांड में किन-किन लोगों को उसकी हत्या करने का आदेश दिया गया था और वारदात को किन-किन लोगों ने अंजाम दिया। नरेश और अक्षय मूसेवाला हत्याकांड में भी अहम जानकारी दे सकते हैं।