राष्ट्रीय लोकदल के अध्यक्ष जयंत चौधरी शनिवार को देश के पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह की जन्मस्थली गांव नूरपुर की मढैया में पहुंचे। यहां रालोद प्रमुख ने किसान नेता की प्रतिमा पर माल्यापर्ण किया और ग्रामीणों के साथ केन्द्र सरकार द्वारा चौधरी चरण सिंह को भारत रत्न दिए जाने के फैसले पर खुशी मनाई।
जयंत चौधरी ने कहा कि नूरपुर मेरा गांव है। सब मेरे परिवार के लोग हैं। उनका आशीर्वाद लेने आया हूं। भारत रत्न से जब चौधरी चरण सिंह को नवाजा गया तो हम सब चाहते हैं कि उस बात का बड़ा संदेश देशभर में जाए। उन बातों पर लोगों की राय लेने उनके विचार सुनने आया हूं।
जयंत चौधरी ने कहा कि आगामी लोकसभा चुनावों में राष्ट्रीय लोकदल कितनी सीटों पर चुनाव लड़ने जा रही है, इसका जवाब वह तब देंगे, जब चुनाव की घड़ी आएगी। उन्होंने कहा कि अभी चुनाव घोषित नहीं हुए हैं, रालोद कितनी सीटों पर लड़ेगी, ये सारी बातें समय पर होंगी। इंडिया गठबंधन से अलग होने के सवाल पर रालोद प्रमुख ने कहा कि जब औपचारिक घोषणा हो जाएगी, तब वह इन सवालों का जवाब भी खुलकर देंगे। तब बताएंगे कि आखिर क्या कारण रहे और उनकी आगे की क्या सोच है और क्या अपने लोगों के लिए करना चाहते हैं।
किसान आंदोलन पर रालोद प्रमुख ने कहा कि किसानों की सुनवाई होनी चाहिए। रालोद किसानों के साथ है। किसानों के जो मुद्दे हैं, उन पर सुनवाई होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि किसान जितना संघर्ष करता है, जितनी मेहनत किसान करता है शायद और कोई वर्ग इस देश में नहीं करता है। सरकार को देश के मुख्य धारा में जो बातचीत नीतियां बनती हैं, उनमें किसानों का विशेष ध्यान रखा जाना चाहिए।
यह रहे मौजूद
राष्ट्रीय महासचिव (संगठन)त्रिलोक त्यागी, गढ़मुक्तेश्वर विधायक हरेंद्र तेवतिया, राष्ट्रीय लोकदल के अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय अध्यक्ष खालीद मकसूद, प्रदेश महासचिव शिवकुमार त्यागी, प्रदेश सचिव आकील खान, युवा के जिलाध्यक्ष अशोक त्यागी, खेल प्रकोष्ठ के अध्यक्ष अनुभव नरवाल, जितेंद्र मलिक, चौधरी सुमेर सिंह, नरेश चौधरी, बाबी ठेकेदार, यशपाल प्रधान, राजू प्रधान आदि थे।