गुरुग्राम। पूर्व सीनियर डिप्टी मेयर यशपाल बत्रा को फर्जी तरीके से फंसा कर चार करोड़ रुपये ऐंठने का प्रयास करने वाले दोनों आरोपियों को पुलिस ने अदालत में पेश किया। जहां पर अदालत ने आरोपी के बेटे राहुल को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भोंडसी जेल भेज दिया, जबकि उसके पिता यशपाल अरोड़ा की पुलिस ने दो दिन की पुलिस रिमांड बढ़ा दी है।
पुलिस ने आरोपी के निशानदेही पर उसके कार्यालय की तलाशी ली। जहां पर उसे यशपाल के फर्जी सीबीआई अधिकारी का पहचान पत्र मिला। इसके साथ ही पुलिस टीम को सीनियर डिप्टी मेयर को भेजे गए ईडी के फर्जी समन की कार्बन कॉपी मिली। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है। इस पूरे प्रकरण में उसके साथ और कोई तो नहीं है, इसकी भी जांच की जा रही है। पुलिस को छानबीन के दौरान पता चला है कि यशपाल अरोड़ा, यशपाल बत्रा से मामले को सेटल कराने के नाम पर पहले दस लाख रुपये ले चुका है। जिसकी बरामदगी का भी पुलिस टीम प्रयास कर रही है।
खुद करता था शिकायत और फर्जी तरीके से बिछाता था जाल
छानबीन के दौरान एक के बाद एक का खुलासा हो रहा है। पुलिस लोगों से अपील कर रही है कि अगर किसी अन्य के साथ आरोपियों ने ठगी या ब्लैकमेलिंग की तो वह शिकायत अवश्य करें।