पटौदी। शीतला कॉलोनी में रहने वाला 12 वर्षीय मनीष अपनी मां और ममेरे भाई के साथ सोमवार की सुबह छह बजे की बस से पटौदी गया था। जहां पर जल चढ़ाने से पहले लगभग सात बजे वह नहाने के लिए कुंड में उतरा और पानी में डूबने लगा। जिसे निकाल कर नागरिक अस्पताल पहुंचाया गया। जहां पर डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
पटौदी थाना पुलिस ने पोस्टमार्टम कराने के बाद शव को परिजनों को सौंप दिया। पुलिस को छानबीन के दौरान पता चला है कि वह अपने मामा के पास रह रहा था। पुलिस के अनुसार परिवार के लोग सुबह छह बजकर दस मिनट की बस से इच्छापुरी गए थे। वहां पहुंचने के बाद लोगों ने कुंड में स्नान करना चाहा। इसी दौरान वह गहरे पानी की ओर कब गया। किसी ने नहीं देखा। सावन का दूसरे सोमवार का दिन होने के कारण कुंड में भीड़ अधिक थी। वहां पर नहा रहे अन्य लोगों की नजर पानी में डूबते मनीष पर पड़ी। जब तक उसे बाहर निकाला जाता तब तक काफी देर हो गई थी। गौरतलब है कि इस कुंड पहले भी श्रद्धालुओं के डूबने की घटना घट चुकी है।
गोताखोरों की हो व्यवस्था
बच्चे की कुंड में डूबने से मौत के बाद श्रद्धालुओं तथा आसपास के नागरिकों का कहना है कि कुंड गहरा है और पानी भी अधिक है। इसलिए यहां पर अगले दोनों सोमवार के दिन आयोजकों तथा प्रशासन को गोताखोरों की व्यवस्था करानी चाहिए ताकि इस तरह की घटनाओं में अब किसी बच्चे की जान न जाए। लोगों का कहना है कि यदि गोताखोरों की तैनाती होती तो बच्चे को बचाया जा सकता था।