फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

नाबालिग ने चलाया वाहन तो मां-बाप पर होगी कार्रवाई

विज्ञापन
विज्ञापन
गुरुग्राम। सड़क हादसों पर काबू पाने के लिए इन दिनों साइबर सिटी में यातायात पुलिस का जोर नाबालिगों के चालान करने पर है। डीसीपी ट्रैफिक ने सभी इंस्पेक्टरों को आदेश दिया है कि वे अपने क्षेत्र में पड़ने वाले स्कूलोँ व कोचिंग सेंटरों के आस-पास विशेष नजर रखें। देखें कि किस स्कूल में नाबालिग बच्चे वाहनों से आ रहे हैं और उनके खिलाफ कार्रवाई करें।
विज्ञापन

जिस स्कूल का बच्चा वाहन चलाता हुआ पकड़ा जाएगा, उसके प्रबंधन से पुलिस जानेगी कि उसके अभिभावक को नाबालिग बच्चे को वाहन देने से मना किया गया था या नहीं। स्कूल प्रबंधन के चेतावनी देने के बाद भी बच्चा वाहन से स्कूल आ रहा है तो पुलिस उसका वाहन जब्त करने के साथ ही उसके मां-बाप में से किसी को बुलाएगी और उनका लाइसेंस लेकर चालान करेगी। साथ ही, लाइसेंस निरस्त करने की अनुशंसा भी की जाएगी। पिछले डेढ़ साल से कोरोना संक्रमण के कारण स्कूल बंद थे। इसके चलते नाबालिग चालकों के खिलाफ कार्रवाई की तादाद भी काफी कम थी।
पांच हजार रुपये का होता है चालान
कम आयु के बच्चे के वाहन चलाते हुए पकड़े जाने पर चालान या जुर्माना पांच हजार रुपये का होता है। हालांकि कमिश्नरी में पिछले आठ माह में महज 33 चालान काटे गए हैं।
विज्ञापन

नाबालिगों के वाहन चलाने से अधिक खतरा
ट्रैफिक पुलिस का कहना है कि सड़क दुर्घटना के समय अक्सर एक पक्ष का चालक नाबालिग पाया जाता है। साफ है कि नाबालिग के वाहन चलाने पर दुर्घटना की आशंका अधिक रहती है। ऐसे में वाहन दुर्घटनाओं पर काबू पाने के लिए नाबालिगों के चालान पर अधिक जोर दिया जा रहा है।
कुछ स्कूल वाहन बाहर खड़े होने की बात कह झाड़ लेते हैं पल्ला
शहर के कुछ नामी स्कूल हैं, जहां बच्चे अपने वाहन से आते हैं। स्कूल की ओर से वाहनों को बाहर खड़ा कराया जाता है। एक अधिकारी कहते हैं कि स्कूल प्रबंधन की ओर से उन्हें बताया गया है कि मना करने के बाद भी बच्चे अपने वाहन ला रहे हैं। वे इन्हें वाहन अपने परिसर में नहीं खड़ा करने देते हैं।
नाबालिगों को वाहन चलाने से रोकने के लिए अभियान चलाने का आदेश दिया गया है। अब नाबालिगों के वाहन चलाते मिलने पर ट्रैफिक पुलिस स्कूल प्रबंधन व उनके अभिभावकों के खिलाफ कार्रवाई करेगी। उनके लाइसेंस को निरस्त कराने की कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन

- आरएस तोमर, डीसीपी ट्रैफिक, गुरुग्राम।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें