सेक्टर पी-चार स्थित हिम सागर अपार्टमेंट में करीब 300 परिवार रहते है। यह सोसाइटी बॉर्डर रोड्स सहकारी आवास समिति की है। 10 जून को आरडब्ल्यूए के सचिव ने एक सर्कुलर जारी किया। जिसमें कहा गया कि सभी काॅपरेटिव सोसाइटी के सदस्य है। सभी से उम्मीद है कि वो सोसाइटी में घूमने के समय अपने आचरण और पहनावे पर विशेष ध्यान रखें, ताकि आपके व्यवहार पर किसी को आपत्ति नहीं हो सके। बालक और बालिकाओं पर भी पहनावे का असर पड़ता है। अनुरोध है कि लुंगी और नाइटी पहनकर सोसाइटी में न घूमें। यह सर्कुलर सोसाइटी के मोबाइल ऐप पर यह जारी किया गया है। आरडब्ल्यूए के पदाधिकारियों का कहना है कि पहनावे को लेकर बार-बार शिकायत आ रही थी।
सोसाइटी की महिलाओं के साथ अन्य निवासियों ने कुछ लोगों के गलत पहनावे की शिकायत की थी। इस पर आरडब्ल्यूए ने सोसाइटी के मोबाइल ऐप पर यह सार्वजनिक सूचना जारी की। आरडब्ल्यूए ने निवासियों पर अपना फैसला थोपा नहीं है। बल्कि अपील की है कि सोसाइटी में घूमने के दौरान पहनावे का ध्यान रखें। निवासियों ने इस फैसले का विरोध भी नहीं किया है। -सीके कालरा, आरडब्ल्यूए अध्यक्ष, हिम सागर अपार्टमेंट
पहले भी होते रहे हैं इस तरह के फरमान
नोएडा की एक सोसाइटी में बैचलर छात्रों के रहने पर रोक लगा दी गई थी और इस संबंध में पोस्टर भी चस्पा कराए गए थे। हालांकि उसका विरोध हुआ था। इसके अलावा कई सोसाइटियों में विदेशी नस्ल के खतरनाक कुत्तों पर भी रोक लगाने का एक मामला सामने आ चुका है। हालांकि यह दो-चार दिन चलकर सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद मामले शांत हो गए थे।