हापुड़ शहर के दो छात्र यूक्रेन में फंसे हैं। बुलंदशहर रोड नई चुंगी निवासी मोहम्मद फैसल अपने चार भारतीय साथियों के साथ इवानो-फ्रैंक्विस्क में है। वहां लगातार बमबारी हो रही है। उनसे पांच किलोमीटर दूर आर्मी एयर बेस और एक सरकारी अस्पताल बमबारी में तबाह हो चुका है। आसमान में फाइटर जेट गरज रहे हैं। यहां रसद और जरूरी सामान के लिए मारामारी मची है। एटीएम से करेंसी भी नहीं निकल पा रही है। हापुड़ के ही आवास विकास निवासी नदीम सैफी विनिशिया शहर में फंसे हैं, जहां हालात फिलहाल सामान्य हैं।
मोहम्मद राशिद के पुत्र 19 वर्षीय फैसल ने दोस्तों के साथ एक वीडियो बनाकर शेयर किया है, जिसमें वे वहां के हालात के बारे में बताते हुए भारत सरकार से जल्दी निकालने की गुहार लगा रहे हैं। फैसल ने बातचीत में बताया कि देर रात सोते समय तेज धमाकों की आवाज से आंख खुल गई। पता चला कि रूस के हवाई हमले में आर्मी बेस तबाह हो चुका था।
फैसल 10 दिसंबर 2021 को एमबीबीएस की पढ़ाई करने के लिए यूक्रेन गया था। उसके परिवार में पिता मोहम्मद राशिद सऊदी अरब में नौकरी करते हैं। घर में मां सायरा राशिद और बहन उरुशा राशिद हैं। मोहम्मद फैसल ने बृहस्पतिवार को वीडियो काल के माध्यम से बताया कि वह यूक्रेन के शहर इवानो-फ्रैंकिव्स्क शहर की नेशनल यूनिवर्सिटी में पढ़ाई कर रहा है। जरूरी सामान के साथ हर समय तैयार रहने के लिए भारतीय दूतावास ने कहा है। सभी को हास्टल की नीचे की मंजिल पर रहने के लिए निर्देश दिया गया है।
आवास विकास कॉलोनी निवासी सलाउद्दीन सैफी के पुत्र नदीम सैफी यूक्रेन के शहर विनिशिया की नेशनल मेडिकल यूनिवर्सिटी में पढ़ाई कर रहा है। वह 15 दिसंबर 2021 को गया था। उसने बताया कि फिलहाल यह इलाका सुरक्षित है, फिर भी काफी डर लग रहा है। 14 मार्च को वापस घर आने के लिए उनका टिकट बुक हो चुका है। दोनों के परिजन अपने बच्चों के सुरक्षित रहने के लिए लगातार अल्लाह से दुआ करने में लगे हुए हैं।