गाजियाबाद। सिहानीगेट थाना क्षेत्र में पटेलनगर व मॉडल टाउन में अलग-अलग दिन दो महिलाओं को झांसा देकर ठगों ने उनसे लाखों रुपये के गहने और नकदी ठग लिए। मामले में दोनों ने अलग अलग मुकदमा दर्ज कराया है। पुलिस ने छानबीन शुरू कर दी है।
पटेल मार्ग निवासी उमा सिंह ने बताया कि 28 अप्रैल की रात वह पटेलनगर में सोम बाजार से सब्जी लेने गई थीं। वापस घर जाने के दौरान रास्ते में तीन महिलाएं मिलीं। उन्होंने कपड़े में लिपटी हुई कागज की गड्डी पकड़ाकर कहा कि उनका कोई पीछा कर रहा है। नोटों की गड्डी है, इनको फिलहाल रख लो, आगे जाकर वह उनसे वापस ले लेंगी। मेट्रो स्टेशन के पास पहुंचकर आरोपी महिलाओं ने उन्हें कुछ नशे का पदार्थ सुंघा दिया, जिससे वह बेसुध हालत में हो गईं। इसके बाद उन्होंने उनसे चेन, अंगूठी और कुंडल उतरवा लिए। इसके बाद वह इंतजार करने की बात कहकर चली गईं। होश आने पर उन्हें घटना का पता चला। तब उन्होंने पास में खड़े एक व्यक्ति से फोन लेकर बेटे को सूचना दी। घर जाकर उन्होंने आपबीती बताई तो बेटा उन्हें पटेलनगर चौकी ले गया। जहां पुलिस ने जांच कर रिपोर्ट दर्ज करने के लिए कहा। कई बार चक्कर लगाने के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं हुई। फिर वह पुलिस आयुक्त के पास पहुंची, तब मुकदमा दर्ज हुआ।
घरेलू सहायिका से पांच लाख की ठगी
राकेश मार्ग निवासी अनीता ने बताया कि 30 अप्रैल की दोपहर घरों में काम करके अपने घर लौट रही थीं। इसी दौरान रास्ते में एक व्यक्ति ने पता पूछने के बहाने रोक लिया और कहा वह हरिद्वार से आया है। तभी दो युवक आए और उन्होंने बातों में उलझाकर कहा कि यह बाबा हरिद्वार से आए हैं और भविष्य बताते हैं। दो युवकों ने कथित बाबा को अपनी समस्या बताई। इस पर दोनों युवक कहने लगे कि बाबा बिल्कुल सच बता रहे हो। फिर कथित बाबा ने उनसे कहा कि हिलना मत, नहीं तो पूरा परिवार खत्म हो जाएगा। तभी आरोपी ने उन दो युवकों से कहा कि तुम्हारे पास जो सामान है वह दो गुना कर देगा। जाल में फंसाकर आरोपी ने फिर उन्हें कहा कि घर से गहने व नकदी ले आओ वह लेगा नहीं लेकिन दोगुने कर देगा। उसके कहने पर वह घर से मंगलसूत्र समेत अन्य कई सामान और करीब 40 हजार रुपये व दो मोबाइल लाकर उसे दे दिए। इसके बाद वह लेकर भाग गए। यह घटनाक्रम करीब एक घंटे तक चला और वह इतना डर गई कि किसी से कुछ बोल भी नहीं सकीं। एसीपी नंदग्राम पूनम मिश्रा का कहना है कि मामले में जांच की जा रही है। शातिरों को ट्रेस करने के लिए टीम लगी है।