नाला सफाई का हाल देखने निरीक्षण पर निकले महापौर अतिक्रमण को देख हैरत में पड़ गए। शहर की अधिकांश कालोनियों से होकर गुजरने वाले पटेल नगर नाले की साइड पटरी पर भी लोगों ने मकान बना लिए हैं।
अब नाले की सिल्ट निकालने के लिए भी जगह नहीं बची। ऐसे में नाले की सफाई का दावा करना भी गलत होगा। निगम अफसरों ने भी ऐसी स्थिति में सफाई करा पाने से हाथ खड़े कर दिए।
महापौर ने सेवा नगर, नंदग्राम और आरडीसी के नालों का भी निरीक्षण किया और अतिक्रमण से निपटने के लिए जल्द ही अफसरों की बैठक बुलाने की बात कही। दरअसल, नगर निगम ने हाल ही में 32 नालों की सफाई के लिए टेंडर छोडे़ हैं।
बुधवार को इनकी सफाई का जायजा लेने के लिए महापौर अशु वर्मा दो सेनेट्री इंस्पेक्टर जयद्रथ सिंह और वीपी शर्मा के साथ शहर में निकले। संजय गीता पार्क के पास नाले में सिल्ट मिली और दोनों ओर अतिक्रमण मिला।
इस नाले की दीवार तक पर लोगों ने कई मंजिला मकान बना लिए हैं। अब यहां मशीन ले जाना या सिल्ट निकाल पाना भी संभव नहीं है। इस नाले की सफाई न होने की वजह से नवयुग मार्केट समेत कई क्षेत्रों में जलभराव हो जाता है।
अब महापौर अशु वर्मा का कहना है कि नालों की सही तरीके से सफाई के लिए अधिकारियों से वार्ता की जाएगी। अतिक्रमण हटाकर नालों की सफाई कराई जाएगी, ताकि बरसात में जलभराव की समस्या से न जूझना पड़े।