जाडे़ की ठिठुरती रात में खुले आसमान के नीचे सोने वालों को प्रशासन की ओर से मिलने वाली कंबल रूपी मदद की दरकार है। शासन ने गरीबों को कंबल बांटने के लिए जिला प्रशासन को 15 लाख का बजट जारी किया है। प्रशासन ने भी तीनों तहसीलों में 5-5 लाख रुपये के कंबल खरीदने की तैयारी कर ली है।
पिछले कुछ दिनों से अचानक ठंड बढ़ जाने से जीवन प्रभावित होने लगा है। सुबह से ही मौसम ठंडा रहने लगा है, मगर रात को पारा तेजी से गिरता है। सबसे ज्यादा मुसीबत उन लोगों की है, जिनके पास सोने के लिए मकान नहीं हैं और वह खुले आसमान के नीचे ही अपनी रात बिताते हैं। बस अड्डा चौराहा और रेलवे स्टेशन पर ऐसे लोगों की संख्या सबसे ज्यादा है।
उधर डीएम निधि केसरवानी ने बताया कि शासन से कंबल खरीद के लिए जिला प्रशासन को 15 लाख का बजट आवंटित हो चुका है। मोदीनगर, सदर और लोनी तहसील में इस बजट को 5-5 लाख रुपये के हिसाब से बांट दिया गया है। कंबल खरीद अंतिम दौर में है।
प्रशासन की कोशिश है कि कम से कम कीमत पर अच्छा कंबल मिल सके। डीएम ने यह भी बताया कि जरूरत पड़ी तो शासन से और भी कंबलों के लिए बजट जारी करने की डिमांड की जाएगी।