सरकारी और पब्लिक स्कूलों के बाद अब मदरसों का भी डाटा ऑनलाइन किया जाएगा। मदरसा संचालकों को भी यूनिफाइड डिस्ट्रिक्ट इन्फार्मेशन सिस्टम फॉर एजूकेशन (यू-डायस) का फार्म भरना होगा। फार्म भरने के साथ ही मदरसे में पढ़ रहे हर बच्चे का रिकॉर्ड केंद्रीकृत हो जाएगा।
डीआईओएस राज सिंह यादव ने बताया कि केंद्र की ओर से नए दिशा निर्देश जारी हुए हैं। पूर्व में यूपी बोर्ड और फिर सीबीएसई और आईसीएसई स्कूलों से यू-डायस फार्म भरवाए गए थे। अब मदरसों का भी रिकॉर्ड मंगवाया गया है।
यू-डायस फार्म भरने के साथ ही मदरसे में पढ़ रहे प्रत्येक बच्चे और उनके अभिभावक का आधार कार्ड नंबर और बैंक खाता व आईएफसी कोड नंबर भी देना होगा।उन्होंने बताया कि यह जानकारी इसलिए मंगवाई जा रही है ताकि भविष्य में किसी भी योजना के तहत कोई फर्जीवाड़ा न हो सके।
मसलन, छात्रवृत्ति हो या कोई सरकारी आवासीय योजना, इसके लिए पात्र व्यक्ति ही आवेदन कर सकेंगे। नर्सरी से ही विद्यार्थियों का जब आधार नंबर और अभिभावकों का अकाउंट नंबर अपडेट रहेगा तो शासन-प्रशासन को शहर और जनपद में रह रहे प्रत्येक परिवार की प्रत्यक्ष व अप्रत्यक्ष तौर पर निगरानी रहेगी।
बता दें कि यू-डायस फार्म पहले केवल यूपी बोर्ड के स्कूलों से भरवाया जाता था। इसी सत्र से सभी पब्लिक स्कूलों से भी यह फार्म भरवाया गया है। फार्म में स्कूल प्रबंधक को विद्यालय में पढ़ रहे प्रत्येक बच्चे का डाटा के साथ ही शिक्षण कार्य कर रहे शिक्षक की योग्यता और बच्चों के लिए उपलब्ध सुविधाओं का भी ब्यौरा देना होता है।