20 दिन में 15 इलेक्ट्रिक बसें और मिलेंगी गाजियाबाद को
गाजियाबाद। शहर में इलेक्ट्रिक बसों का बेड़ा और बड़ा होगा। 20 दिन में शहर को 15 इलेक्ट्रिक बसें और मिलेंगी। इन बसों को शहर के दूसरे रूट पर चलाया जाएगा। इससे यात्रियों को बड़ी सहूलियत मिलेगी। इसके बाद बसों की संख्या बढ़कर 25 हो जाएंगी। इन बसों के लिए अकबरपुर-बहरामपुर स्थित डिपो में 12 चार्जिंग प्वाइंट बनाने का काम शुरू हो गया है।
फिलहाल शहर में पांच इलेक्ट्रिक बसों को कौशांबी से मुरादनगर रूट पर चलाया जा रहा है। एक-दो दिन में पांच बसें और इसी रूट पर उतारी जाएंगी। परिवहन निगम के अधिकारियों का कहना है कि गाजियाबाद के लिए तय किए गए ऑपरेटर ने 15 अन्य बसें इसी महीने के अंत तक देने का आश्वासन दिया है। इन बसों के मिलने पर उनके पंजीकरण की प्रक्रिया को पूरा कराकर मार्च में रूट पर उतार दिया जाएगा। परिवहन निगम के एआरएम एनके वर्मा का कहना है कि इलेक्ट्रिक बसों के लिए चार रूट पहले से तय कर लिए गए थे। फरवरी के अंत में मिलने वाली इलेक्ट्रिक बसों को शहर में दूसरे रूट पर चलाया जाएगा। उन्होंने कहा कि गाजियाबाद में 100 इलेक्ट्रिक बसों को चलाने का लक्ष्य तय है। जिसमें पहले चरण में 50 बसें संचालित की जानी हैं।
एक सप्ताह में 12 चार्जिंग प्वाइंट बनकर हो जाएंगे तैयार
अकबरपुर-बहरामपुर में बने डिपो में बसों को चार्ज करने के लिए फिलहाल 2 चार्जिंग प्वाइंट बनाए गए हैं। अब यहां 12 चार्जिंग प्वाइंट बनाने का काम शुरू हो गया है। एक सप्ताह में यह बनकर तैयार हो जाएंगे। यानी एक बार में 12 बसों को चार्ज किया जा सकेगा। इस अवधि में अन्य बसें रूट पर रहेंगी।
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75 मिनट में हो जाएगी चार्ज
इलेक्ट्रिक बसों के लिए फास्ट चार्जिंग प्वाइंट बनाए जा रहे हैं। परिवहन निगम के अधिकारियों का कहना है कि एक बस महज 75 मिनट फुल चार्ज हो जाएगी। एक बार चार्ज होने के बाद बस 200 किलोमीटर का सफर तय कर सकती है। हालांकि इन्हें 180 किलोमीटर से ज्यादा नहीं चलाया जा रहा। 200 किलोमीटर चलाने के बाद बैटरी डिस्चार्ज हो जाएगी और बसें डिपो तक पहुंचाने में दिक्कत होगी। इसकी वजह से 180 किलोमीटर चलाने के बाद उन्हें चार्जिंग के लिए डिपो में भेज दिया जाता है।