ग्वालियर और मेरठ के लोगों से भी हुई ठगी, पुलिस ने साधा संपर्क
गाजियाबाद। ऑनलाइन गेम के नाम पर 200 करोड़ की ठगी करने वाला गैंग पकड़ने के बाद ग्वालियर, अंबाला और मेरठ पुलिस ने गाजियाबाद साइबर सेल से संपर्क साधा है। मेरठ और ग्वालियर के लोगों से भी ऑनलाइन गेम के नाम पर ठगी की गई है। दोनों जगह की पुलिस ने गाजियाबाद साइबर सेल से गैंग द्वारा संचालित बैंक खातों की डिटेल मांगी है।
साइबर सेल प्रभारी सुमित कुमार ने बताया कि गिरोह के पकड़े जाने के बाद ग्वालियर और मेरठ पुलिस ने उनसे संपर्क किया है। ऑनलाइन गेम के नाम पर दोनों जगह के लोगों से भी करीब 10 लाख की ठगी हुई है। ग्वालियर पुलिस के पास सात शिकायतें और मेरठ पुलिस के पास तीन शिकायतें आई थीं। दोनों जगह की पुलिस ने गिरोह द्वारा संचालित खाता नंबर मांगे हैं। इससे वहां की पुलिस यह तस्दीक करेगी कि उनके यहां शिकार बनाए गए लोगों की रकम इस गैंग के खातों में गई थी या नहीं। अगर खातों का मिलान हो गया तो ग्वालियर और मेरठ की पुलिस भी आरोपियों को रिमांड पर लेकर पूछताछ करेगी और अपने यहां दर्ज मामले में आरोपी बनाएगी।
अपने ही बयान में फंस गई अंबाला सिटी की महिला
साइबर सेल प्रभारी ने बताया कि उनके द्वारा गिरफ्तार किए गए आरोपियों में बरवाला, हिसार निवासी निखिल भी शामिल है। निखिल के खिलाफ अंबाला सिटी की महिला निर्मला ने केस दर्ज कराया था। उसमें कहा था कि निखिल ने उसकी नौकरी लगवाने और हर महीने डेढ़ लाख की सैलरी देने का झांसा देकर उसके नाम से खाता खुलवाया था। उसे फर्जीवाड़े का पता चला तो शिकायत दर्ज कराने आई है। केस दर्ज कर अंबाला पुलिस ने गाजियाबाद साइबर सेल से संपर्क किया तो खुद निर्मला गाजियाबाद पुलिस की वांछित निकली। साइबर सेल प्रभारी ने बताया कि अंबाला में उसका खाता फ्रीज करा दिया गया था। इसके बाद निर्मला ने खाता खुलवाने की कोशिश की थी। इसके लिए उसने बैंक मैनेजर को लिखकर दिया था कि उसका खाता बिल्कुल सही है और नंबर एक के बिजनेस की कमाई खाते में आती है। इसी बयान से वह खुद फंस गई। अब अंबाला पुलिस भी उसकी गिरफ्तारी में जुट गई है।
सरगना का वीजा निरस्त कराएगी पुलिस
साइबर सेल प्रभारी ने बताया कि पानीपत के गांव बापोली डाढोला निवासी बजिंद्र गैंग का सरगना है। वह दुबई में प्लेसमेंट एजेंसी चलाकर मोबाइल गेमिंग एप के जरिए गिरोह संचालित कर रहा है। उसकी गिरफ्तारी के लिए विधिक प्रक्रिया अपनाई जाएगी। इसके तहत दूतावास के जरिये बजिंद्र का दुबई वीजा निरस्त कराने की रिपोर्ट भेजी जाएगी। इस रिपोर्ट के बाद दुबई पुलिस उसे पकड़कर भारत भेजेगी। जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया जाएगा।