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टीके को लेकर जोश हाई, पोर्टल पड़ा धीमा

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टीके को लेकर जोश हाई, पोर्टल पड़ा धीमा
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गाजियाबाद। कोरोना के तीसरे मेगा टीकाकरण अभियान में गाजियाबाद के लोगों का जोश हाई रहा। पोर्टल की गति धीमी होने की वजह से जिला अपना रिकॉर्ड नहीं तोड़ पाया। हालांकि शासन के लक्ष्य को हासिल करते हुए 14 प्रतिशत अधिक को टीका लगाया गया। शासन ने गाजियाबाद को 57600 लोगों को टीका लगाने का लक्ष्य दिया था। 66389 को टीका लगा। जिले स्तर पर लक्ष्य 80 हजार का रखा गया था।
पहले अभियान में 79800 का टीकाकरण हुआ था, जबकि दूसरे अभियान में 42 हजार को टीका लगाया गया था। तीसरे अभियान से बची 12 हजार डोज शनिवार को 21 सेंटरों पर लगाई जाएगी। अपर निदेशक स्वास्थ्य डॉ. राजकुमार और मंडलीय सर्विलांस अधिकारी डॉ. अशोक तालियान ने सीएमओ डॉ. भवतोष शंखधार के साथ मेगा टीकाकरण अभियान का निरीक्षण किया।
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सुबह से लग गई थी लाइन
तीसरे महाअभियान में लाभार्थियों में टीका लगवाने को लेकर खासा उत्साह दिखाई दिया। सुबह से ही लाभार्थी टीकाकरण केंद्रों पर पहुंचने लगे थे। टीकाकरण का कार्य सुबह करीब 9 बजे से शुरू किया गया। लेकिन पूरे दिन पोर्टल की स्पीड कम होने से टीकाकरण में लोगों को डेढ़ से मिनट के बजाए पांच से सात मिनट लग रहे थे। इस कारण से 12 हजार लोग टीका लगवाने से वंचित रह गए। प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. नीरज अग्रवाल ने बताया कि 81 हजार डोज थी। शासन का लक्ष्य 57600 था, लेकिन स्वास्थ्य विभाग ने 80 हजार का लक्ष्य तय किया था। पोर्टल की स्पीड धीमी होने से स्थानीय लक्ष्य प्राप्त करने में परेशानी हुई, जबकि शासन के लक्ष्य के मुकाबले 117 प्रतिशत को टीका लगा।
नहीं रुके निगरानी में
किसी भी केंद्र पर सोशल डिस्टेंसिंग का पालन नहीं दिखाई दिया। टीका लगवाने के बाद लाभार्थी तुरंत अपने गंतव्य की तरफ निकल लिए। किसी भी केंद्र पर ऑब्जर्वेशन रूम में आधा घंटे बैठना तो दूर, उधर किसी ने रुकना भी मुनासिब नहीं समझा, हालांकि किसी भी लाभार्थी में कोई साइड इफेक्ट नहीं दिखाई दिया। जबकि वैक्सीनेशन में लगा स्टाफ टीका लगाने के बाद लाभार्थियों को आधा घंटा बैठने की सलाह जरूर दे रहा था।
लाभार्थियों को नहीं मिली दवा
लाभार्थियों को टीका लगाने के बाद कोई दवा नहीं दी जा रही है। जबकि लाभार्थी टीका लगवाने के बाद बुखार, शरीर में सुस्ती सहित अन्य सामान्य परेशानी होती है। स्टाफ दवाएं उपलब्ध नहीं होने की बात कहकर वापस भेज देता है। शुक्रवार को भी संयुक्त अस्पताल समेत कई अन्य टीकाकरण केंद्रों पर दवाएं उपलब्ध नहीं थी।
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विभाग पर दवाई केंद्र पर क्यों नहीं?
सीएमओ डॉ. भवतोष शंखधार का कहना विभाग के पास दवाई पर्याप्त है, लेकिन अगर किसी केंद्र पर दवाई नहीं है तो यह गंभीर मामला है। जिला प्रतिरक्षण अधिकारी सहित केंद्र प्रभारी से स्पष्टीकरण लिया जाएगा कि टीकाकरण केंद्र पर दवाई उपलब्ध क्यों नहीं है?
कुल टीकाकरण - 1943348
पहला डोज - 1544683
दूसरा डोज - 398665
पुरुष - 1095980
महिला - 846600
कोविशील्ड - 1705111
कोवॉक्सिन - 229253
18 से 44 वर्ष - 1136551
45 से 60 - 530728
60 उम्र से अधिक - 276069
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