सामूहिक अवकाश पर रहे डिग्री कॉलेजों के 300 शिक्षक
गाजियाबाद। 24 सूत्रीय मांगों के लिए डिग्री कॉलेजाें के 300 शिक्षकों ने सामूहिक अवकाश रखा। प्रदेश संगठन फुपुक्टा के आह्वान पर मेरठ यूनिवर्सिटी टीचर्स एसोसिएशन (मूटा) से जुड़े महानगर के सभी नौ एडेड कॉलेजों के शिक्षकों ने आंदोलन में भाग लिया। वहीं यूनिवर्सिटी कैंपस में हुए धरना प्रदर्शन में 80 से ज्यादा शिक्षकों ने भाग लिया।
सामूहिक अवकाश में एमएमएच डिग्री कॉलेज, एसडी डिग्री कॉलेज, वीएमएलजी, एमएम कॉलेज, एलआर कॉलेज सहित अन्य एडेड कॉलेजों के शिक्षकों ने भाग लिया। मूटा के महासचिव डॉ. जयकुमार सरोहा ने बताया कि गाजियाबाद सहित प्रदेश के 331 अशासकीय अनुदानित कॉलेजों में शिक्षकों की समस्याएं और मांगें लंबे समय से विचाराधीन हैं। कई दौर की वार्ता के बावजूद कोई समाधान नहीं निकलने पर फुपुक्टा कार्यकारिणी की बैठक के बाद शिक्षकों ने सामूहिक अवकाश का निर्णय लिया। पुरानी पेंशन बहाली, यूजीसी रेगुलेशन 2018 के तहत प्रोफेसर पदनाम, सेवानिवृत्ति की आयु 65 वर्ष सहित मांगों को लेकर विवि मुख्यालय पर धरना दिया गया। उन्होंने कहा कि मांगों के निराकरण के लिए सरकार से सकारात्मक बातचीत की आवश्यकता है। ऐसे में मुख्यमंत्री के नाम सौंपे गए ज्ञापन में समस्याओं के जल्द समाधान कराने की मांग की गई है। इस मौके पर मूटा अध्यक्ष डॉ. निवेदिता मलिक, एमएमएच कॉलेज शिक्षक संघ अध्यक्ष डॉ. प्रकाश चौधरी, सचिव डॉ. रोजी मिश्रा सहित आदि लोग मौजूद रहे।
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कर्मचारी शिक्षक अधिकारी और पेंशनर्स ने निकाली बाइक रैली
गाजियाबाद। पुरानी पेंशन बहाली के लिए कर्मचारी, शिक्षक, अधिकारी एवं पेंशनर्स अधिकार मंच के पदाधिकारियों ने बाइक रैली निकाली। मंगलवार अपराह्न 3:30 बजे रामलीला मैदान कविनगर से बाइक रैली शुरू होकर शहर के विभिन्न मार्गों से होते हुए कलक्ट्रेट पहुंची। अधिकार मंच के महासचिव देवव्रत चौधरी ने कहा कि सरकार सुनवाई नहीं कर रही है। उन्होंने राज्य के लगभग 30 लाख कर्मचारी, शिक्षक एवं राज्य सेवा के सभी अधिकारी एवं पेंशनर्स को एक अप्रैल 2005 से लागू नई अंशदायी पेंशन योजना के स्थान पर पुरानी पेंशन मिलनी चाहिए। उन्होंने कहा कि इसके अलावा प्रत्येक विभाग के कर्मचारियों के सामने बड़ी समस्या हैं, उनका भी समाधान किया जाए। उन्होंने कहा कि 28 अक्तूबर को जिलास्तर पर धरना प्रदर्शन करेंगे और 30 नवंबर को राज्य स्तरीय विशाल रैली निकाली जाएगी। जिलाध्यक्ष दीपक शर्मा ने कहा कि सभी कर्मचारी और अधिकारी एक साथ लड़ाई लड़ें। तभी इस जंग को जीता जा सकता है। इस दौरान संयोजक राकेश अग्रवाल, वरिष्ठ अध्यक्ष रविश शर्मा, सतेंद्र कुमार आदि मौजूद रहे।