बल्लभगढ़ के नरहावली गांव में प्रेम विवाह नहीं होने से परेशान रोहित भाटी (23) ने खुदकुशी करने के लिए 11 मार्च को जहरीला इंजेक्शन लगा लिया था। मंगलवार को इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। वह एक निजी अस्ताल में नर्सिग स्टाफ था। मामले की सूचना पाकर मौके पर पहुंची छायंसा थाना की पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर बीके अस्पताल में पोस्टमार्टम कराने के बाद परिजनों को सौंप दिया। परिजन प्रेमिका के परिवार वालों पर आत्महत्या के लिए मजबूर करने का आरोप लगा रहे हैं। फिलहाल, पुलिस मामले की जांच कर रही है।
लड़की के परिवार वाले नहीं कराना चाहते थे शादी
भाई हरीश भाटी ने बताया कि रोहित एक लड़की से प्रेेम करता था। वह भी एक निजी अस्पताल में नर्सिंग स्टाफ है। दोनों प्रेम-विवाह करना चाहते थे, लेकिन लड़की के परिजन विवाह के पक्ष में नहीं थे। उनके द्वारा रोहित पर लड़की का साथ छोड़ने का दबाव बनाया जा रहा था। आरोप है कि लड़की के परिजनों ने रोहित के साथ मारपीट भी की थी। इससे रोहित मानसिक रूप से परेशान था। 11 मार्च को शाम करीब चार बजे उसने जहरीला इंजेक्शन लगा दिया। इससे उसकी हालत बिगड़ गई। उसे नजदीक के अस्पताल में इलाज के लिए भर्ती कराया गया, जहां मंगलवार सुबह उसकी मौत हो गई।
दबाव में आकर की आत्महत्या
परिजनों का आरोप है कि प्रेमिका के परिजनों द्वारा उसे परेशान किया जा रहा था, ऐसे में दबाव में आकर आत्महत्या की है। परिजनों ने पुलिस से इस मामले में आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। इससे पहले शिकायत पर पुलिस ने मारपीट की धाराओं में केस दर्ज किया था। अब पहली दर्ज केस में और धाराएं जोड़ ली जाएंगी।