लोगों को मिलेगा बेहतर सार्वजनिक स्थल, नगर निगम ने नई परियोजना को मंजूरी दी
अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। स्मार्ट सिटी फरीदाबाद के सेक्टर-52 स्थित वार्ड नंबर-5 के लोगों को जल्द ही एक आधुनिक और हराभरा पार्क मिलने जा रहा है। लंबे समय से उपेक्षित पड़े पार्क के विकास के लिए नगर निगम ने नई परियोजना को मंजूरी दे दी है। इस योजना के तहत पार्क का सौंदर्यीकरण, पौधरोपण, बैठने की व्यवस्था और आकर्षक संरचनाओं का निर्माण किया जाएगा।
परियोजना का उद्देश्य केवल पार्क को सुंदर बनाना नहीं बल्कि तेजी से बढ़ते शहरी क्षेत्र में लोगों को बेहतर सार्वजनिक स्थान उपलब्ध कराना भी है। सेक्टर-52 और आसपास की सोसाइटियों में बड़ी संख्या में परिवार रहते हैं लेकिन इलाके में बच्चों और बुजुर्गों के लिए व्यवस्थित हरित क्षेत्र की कमी लंबे समय से महसूस की जा रही थी। बारिश के दौरान पार्क में जलभराव और झाड़ियां बढ़ने से लोगों ने यहां आना लगभग बंद कर दिया था। अब निगम की इस पहल से इलाके के हजारों लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है।
नगर निगम अधिकारियों के अनुसार परियोजना पूरी होने के बाद पार्क को एक मिनी ग्रीन जोन के रूप में विकसित किया जाएगा, जहां सुबह-शाम सैर, योग और बच्चों की गतिविधियों के लिए बेहतर माहौल तैयार होगा। विभाग ने काम पूरा करने के लिए 15 महीने की समय सीमा तय की है ताकि अगले मानसून तक बड़े स्तर पर पौधारोपण किया जा सके।
पार्क में हरियाली के साथ बनेगा आकर्षक इंफ्रास्ट्रक्चर
परियोजना के तहत पार्क में नई घास बिछाई जाएगी और विभिन्न प्रजातियों के छायादार व सजावटी पौधे लगाए जाएंगे। इसमें नीम, अर्जुन, कदंब, पीपल, बरगद और सिल्वर ओक जैसे पेड़ों के अलावा मोगरा, फाइकस और अन्य सजावटी पौधों को शामिल किया गया है। इसके साथ ही पार्क के भीतर सीमेंट कंक्रीट फ्लोरिंग, बैठने की व्यवस्था और आकर्षक संरचनाएं भी बनाई जाएंगी। लोगों के लिए विशेष आकर्षण के तौर पर राजस्थानी शैली की दो पत्थर की छतरियां बनाई जाएंगी जिनमें 12 खंभों वाला डिजाइन और अमेरिकन रूफ पैटर्न रहेगा। अधिकारियों का मानना है कि इससे पार्क की सुंदरता बढ़ेगी और लोगों को बैठने के लिए छायादार स्थान मिलेगा। परियोजना में केवल निर्माण कार्य ही शामिल नहीं है बल्कि पौधों के रखरखाव की जिम्मेदारी भी तय की गई है। संबंधित एजेंसी को पौधों की सिंचाई, खाद, कीटनाशक छिड़काव और नियमित देखभाल करनी होगी ताकि लगाए गए पौधे लंबे समय तक सुरक्षित रह सकें।
परियोजना से संबंधित प्रक्रिया पूरी होते ही कार्य शुरू कर दिया जाएगा। विभाग का प्रयास है कि मानसून के दौरान अधिकतम पौधारोपण किया जाए ताकि अगले डेढ़ साल में पार्क पूरी तरह विकसित और हराभरा दिखाई दे।- धीरेंद्र खड़गटा, निगम आयुक्त