फरीदाबाद। खेल विभाग नए खिलाड़ियों की पौध तैयार करने के लिए दोबारा से खेल नर्सरियां शुरू करने जा रहा है। इसके लिए कोचों से खेलों के नाम मांगे गए हैं। खेल विभाग की रिहायशी, डे-बोर्डिंग और अलग से खेल नर्सरियां खोलने की योजना है।
प्रदेश सरकार खेलों को बढ़ावा देने के लिए करीब तीन साल पहले निजी स्कूलों में खेल नर्सरियां शुरू की थी। लेकिन, इनका कई कारणों से पूरा लाभ नहीं मिल पाया। दूसरी ओर कोरोना काल में निजी खेल नर्सरियां नहीं चल पाई। वहीं निजी स्कूलों में खेल नर्सरियां खुलने के बाद खेल विभाग ने अपने कोच के अंदर चल रही खेल नर्सरियों को बंद कर दिया था।
अब दोबारा से खेल विभाग स्टेडियमों में सरकारी कोच के मार्गदर्शन में खेल नर्सरी खोलने जा रहा है। इसके लिए विभाग ने जिला खेल अधिकारी से ऐसे खेलों की जानकारी मांगी है। जिसमें जिला स्तर पर खेल नर्सरियां खोली जा सके। इसके लिए कोच से बच्चों की संख्या समेत अन्य जानकारी मांगी गई है। जिले में खिलाड़ियों के लिए स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स सेक्टर-12, स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स एनआईडी तीन व राजा नाहर सिंह स्टेडियम के अलावा राजीव गांधी खेल परिसर अटाली व शहीद चंद्रशेखर आजाद खेल परिसर शाहपुर कला है। इन जगहों पर खेल की सुविधाएं उपलब्ध हैं। ऐसे में इन जगहों पर कोच नर्सरियां शुरू कर सकते हैं।
खिलाड़ियों को मिलेगी पूरी सुविधा
खेल विभाग की प्रदेश में आठ रिहायशी और 10 डे-बोर्डिंग नर्सरियां खोलने की योजना है। इसके लिए भी सभी जिला खेल अधिकारियों से जानकारी मांगी गई है। इसमें संबंधित खेल के कोच को बच्चों समेत अन्य जानकारी देने को कहा गया है। रिहायशी में बच्चों को रहने के साथ पूरी सुविधा मिलेगी। खेल नर्सरियों में डायट का पैसा मिलेगा। वहीं खेल नर्सरियां हर जिले में खोली जाएगी।
वर्जन-
खेल विभाग की रिहायशी, डे-बोर्डिंग और खेल नर्सरियां खोलने की योजना है। इसके लिए कोचों से खिलाड़ियों की संख्या समेत अन्य जानकारी मांगी गई है। हमारा प्रयास है कि जिले में दो-तीन खेलों की नर्सरी की खुले। - रमेश वर्मा, डीएसओ