फरीदाबाद के सेक्टर- 62 में कर्ज में डूबे मेडिकल स्टोर संचालक ने पड़ोसी के बेटे की फिरौती मांगने की नीयत से पहले अपहरण किया फिर उसकी हत्या कर दी। आरोपी ने बच्चे को बेहोश करने के लिए नशीला इंजेक्शन का इस्तेमाल किया था। नशीली दवा की मात्रा अधिक होने के चलते बच्चे की मौत हो गई। बच्चे की मौत के बाद शव की पहचान छुपाने के लिए मुंह पर पत्थरों से हमला किया। वहीं आरोपी ने उसके शरीर पर तेजाब भी डाला।
आरोपियों ने शव को खुर्दबुर्द करने की नीयत से गांव प्रहलादपुर माजरा के पास से गुजर रही आगरा नहर में फेंकने की कोशिश की लेकिन बच्चे का शव झाड़ियों में अटक गया। पुलिस ने बच्चे के शव का पोस्टमार्टम करवाने के बाद परिजनों को सौंप दिया है। इस मामले में पुलिस ने एक आरोपी विशाल को गिरफ्तार कर लिया है।
सेक्टर 62 निवासी उमेश चंद की परचून की दुकान है। 13 जून को शाम 6:30 बजे के करीब उसका बेटा 13 वर्षीय कुश अपनी दुकान से पड़ोस की दुकान पर बर्फ लेने के लिए साइकिल लेकर निकला था। बच्चा जब बर्फ लेकर काफी समय तक घर नहीं पहुंचा तो परिजनों ने ढूंढना शुरू कर दिया। मां प्रियंका ने अपने बच्चे को खोजना शुरू किया। लेकिन उसके बेटे कुश का कहीं कुछ पता नहीं चला। उसके माता-पिता के साथ सेक्टर के करीब 200 से अधिक लोगों ने बच्चे को ढूंढना शुरू कर दिया। जिसके बाद गली में लगे सीसीटीवी कैमरों को चैक करने पर पता चला कि बच्चा साइकिल पर 6 बजकर 25 मिनट पर आरोपी के घर से कुछ समय पहले गुजरा था, लेकिन उसके बाद बच्चे का पता नहीं।