सतर्कता ब्यूरो के अधिकारियों के मुताबिक दो लाख रुपये की रिश्वत पहले ही ठेकेदार ने दे दी थी। बाकी रकम के लिए अधीक्षण अभियंता ठेकेदार यशमोहन पर दबाव बना रहा था। इसकी शिकायत ठेकेदार ने सतर्कता ब्यूरो में की।
मंगलवार सुबह टीम ने रंगे हाथों पकड़ा
इसके आधार पर मंगलवार सुबह विजिलेंस की टीम नगर निगम के मुख्यालय पर पहुंच गई। इस दौरान टीम ने रिश्वत लेते हुए दोनों को पकड़ लिया। टीम आरोपियों को पकड़ कर अपने साथ ले गई। पूरे दिन शहर में यह मामला चर्चा का विषय बना रहा।