फरीदाबाद। बीके सिविल अस्पताल की पुरानी इमारत के स्थान पर जुलाई से 200 बेड की मदर चाइल्ड केयर यूनिट (एमसीएच) बननी शुरू हो जाएगी। इसके लिए जिला स्वास्थ्य विभाग ने लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) को पांच करोड़ का बजट जारी कर दिया है।
बीते कई वर्षों से जिले में एमसीएच बनाए जाने का प्रस्ताव था। हालांकि कोरोना काल में स्वास्थ्य सेवाओं का महत्व समझ आने के बाद अब न केवल यह प्रस्ताव पास हुआ है बल्कि निर्माण कार्य भी जल्द शुरू होने के आसार हैं। एमसीएच का प्रस्तावित नक्शा भी पास हो चुका है। अब केवल निर्माण कार्य को गति देनी है। जल्द ही इस संबंध में ई-निविदा (टेंडर) जारी किए जाएंगे।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. रणदीप सिंह पूनिया ने बताया कि जुलाई के अंत में ही एमसीएच यूनिट के प्रस्ताव को सरकार के पास भेजने की तैयारी कर ली गई थी। गत वर्ष कोविड पर नियंत्रण पाने के बाद प्रस्ताव को भेज दिया गया।
इसके बाद 200 बेड की एमसीएच का प्रस्ताव निदेशालय की ओर से मंजूर हो चुका है। पीडब्ल्यूडी की हरी झंडी का इंतजार है। अधिकारियों के साथ एमसीएच के नक्शे पर चर्चा करना शेष है। अगले कुछ माह में यह पूरी प्रक्रिया संपन्न हो जाएगी। योजना है कि जुलाई से यह काम शुरू हो जाए। नई यूनिट के बनते ही बीके सिविल अस्पताल से जच्चा वार्ड को एमसीएच यूनिट में पूरी तरह शिफ्ट कर दिया जाएगा। ऐसे में माताओं के लिए खास तौर पर 200 बेड की यूनिट तैयार हो जाएगी।
सभी कार्य पूरे तक लिए गए हैं। पुरानी इमारत जर्जर घोषित हो चुकी है। एमसीएच यूनिट के निर्माण के लिए फंड भी मुहैया हो चुका है। एनआईसीयू, ऑपरेशन थियेटर सहित अन्य कई सुविधाएं इस यूनिट में उपलब्ध होंगी।
- डॉ. रणदीप सिंह पूनिया, मुख्य चिकित्सा अधिकारी
एमसीएच का निर्माण जल्द शुरू कराया जाएगा, इसके लिए प्रयास जारी हैं। पांच करोड़ रुपये का बजट निदेशालय की ओर से अवांटित हो चुका है। चर्चा और टेंडर प्रक्रिया में छह माह का समय और लग सकता है।
प्रदीप संधु , कार्यकारी अभियंता, लोक निर्माण विभाग