दिल्ली का मौसम
बीते कई दिनों से मौसम अलग-अलग रंग दिखा रहा है। पहले मई के शुरूआत में बारिश, फिर अब बीते पांच दिन से गर्मी और अब धूल भरी धुंध ने लोगों को हैरानी में डाल दिया। मंगलवार सुबह जब लोग उठे तो कुछ दिखाई नहीं दे रहा था, घरों में धूल की परत दिखाई दे रही थी। धुंध का आलम यह था कि सोमवार सुबह जो दृश्यता 4000 मीटर थी और मंगलवार सुबह घटकर 1000 मीटर तक रह गई। इसका असर वायु गुणवत्ता पर भी पड़ा।
दिल्ली-एनसीआर की हवा हुई खराब
मौसम विभाग के अधिकारियों के अनुसार, बीते पांच दिनों से पश्चिम उत्तर भारत में तेज गर्मी, कम बारिश और सूखी मिट्टी है। इस कारण से सोमवार रात से ही धूल भरी हवाएं चलने लगी थी। दिल्ली में सुबह चार बजे पीएम 10 की सघनता 140 माइक्रो ग्राम प्रति क्यूबिक मीटर थी और सुबह 8 बजे बढ़कर 775 माइक्रो ग्राम तक हो गई। यह मुख्य रूप से रात के दौरान चली तेज हवाओं के कारण हुआ। यह धूल जल्द ही उतर जाएगी। विभाग ने इसे स्मॉग नहीं धूल की चादर ही बताया।
दिल्ली में गर्मी का टॉर्चर
वहीं बीते चार दिनों से चालीस डिग्री से ऊपर चल रहा तापमान मंगलवार को सामान्य से एक डिग्री कम 39.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। जबकि न्यूनतम तापमान सामान्य से एक डिग्री अधिक 27.4 डिग्री सेल्सियस रहा। मौसम के तीन केंद्रों पर तापमान 41 डिग्री से ऊपर ही दर्ज हुआ। नजफगढ़ में 41.6 डिग्री, स्पोर्ट्स कॉम्पलेक्स में 41.5 और न्यूनतम तापमान 30.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। जबकि पूसा रोड में 41.2 डिग्री सेल्सियस रहा। मौसम विभाग के अनुसार बुधवार को भी आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे और तापमान 41 और 27 डिग्री के आसपास रहेगा।
इस सप्ताह 44 डिग्री का टॉर्चर देगा तापमान
अभी गर्मी से राहत नहीं मिलने वाली है। इस सप्ताह के अंत तक 22 और 22 मई को तापमान 44 डिग्री तक पहुंचने की संभावना है। जबकि न्यूनतम तापमान 26 से 28 डिग्री के बीच रहेगा। 18 मई को हल्की बूंदाबांदी व 25-35 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से धूल भरी हवाएं चलने की संभावना है लेकिन इससे तापमान पर खासा असर नहीं पड़ेगा।