उन्होंने बताया कि मैसेज करने वाले व्यक्ति ने उनसे उनकी लोकेशन पूछी। इसके बाद कहा कि वह जरूरी मीटिंग में हैं और कॉल उठाने की स्थिति में नहीं हैं। आरोपी ने जितेंद्र से कहा कि वह तुरंत दो लाख रुपये के अमेजन गिफ्ट वाउचर खरीदकर उनको भेजे। पीड़ित ने उसी नंबर पर कॉल कर बात करने की कोशिश की तो उन्होंने मैसेज कर व्यस्त होने की बात की। मैसेज को सच मानकर जितेंद्र गिफ्ट वाउचर खरीदने में लग गए। किसी वजह से उनका अमेजन अकाउंट ब्लॉक हो गया। इसके बाद उन्होंने अपने साथी संदीप तिवारी के अकाउंट से वाउचर खरीदे, जिसकी पेमेंट उन्होंने अपने खाते से ही की।
जितेंद्र ने बताया कि बाद में खरीदे गए वाउचर उसी व्हाट्सएप नंबर पर भेज दिए गए। जब पीड़ित ने मुख्य निर्वाचन अधिकारी के सरकारी नंबर पर कॉल की तो पता चला कि वह ठगी का शिकार हो गए हैं। मामले की सूचना पुलिस को दी गई।