अंतरराज्यीय बसों में सफर करने वालों की सुविधा के लिए कश्मीरी गेट पर आईएसबीटी पर मल्टी मॉडल इंटीग्रेशन (एमएमआई) की सुविधा से यात्रियों को काफी सहूलियत होगी। मेट्रो, इंटर स्टेट बस, टैक्सी, ऑटो के अलावा दिल्ली परिवहन विभाग (डीटीसी) और क्लस्टर बसें भी आईएसबीटी के अंदर ही मिलेंगी।
यात्रियों को परिवहन साधनों को बदलने के लिए ना तो सड़क पार करना होगा और ना ही वाहनों के जाम से गुजरना होगा। कश्मीरी गेट परिसर में स्थानीय (डीटीसी और क्लस्टर) बसों के लिए एक टर्मिनल तैयार है। परिवहन मंत्री कैलाश गहलोत ने कहा कि इसकी शुरुआत जल्द की जाएगी। इससे यात्रियों को आईएसबीटी परिसर में ही डीटीसी-क्लस्टर बसों की सुविधा उपलब्ध होगी।
उन्होंने बताया कि डीटीसी और क्लस्टर बसों के लिए अलग सुविधा (टर्मिनल) होने से बसें आईएसबीटी परिसर में तैयार लेन से रवाना होंगी। इससे अंतराज्यीय बसों में सफर करने वालों के लिए आवाजाही सुलभ होगी। मेट्रो, डीटीसी, क्लस्टर बसों से उतरने के बाद चंद कदमों की दूरी पर अंतरराज्यीय बसों में सफर की सुविधा होगी। कश्मीरी गेट बस अड्डा से रोजाना करीब 50-60 हजार यात्री सफर करते हैं। इस सुविधा की शुरुआत से यात्रा और सुरक्षित और सुलभ हो जाएगी।
कश्मीरी गेट पर स्थानीय बसों के लिए तीन शेड बनाए गए हैं। दूसरे शहरों से दिल्ली पहुंचने वाले यात्रियों को स्थानीय बसों से बस अड्डा पहुंचने के लिए अब ना तो फुटओवर ब्रिज और ना ही सड़क पार करने की जरूरत होगी। मेट्रो और डीटीसी या क्लस्टर बसों से उतरते ही सीधे आईएसबीटी में प्रवेश कर सकेंगे। बस टर्मिनल पर टर्मिनल पर मुख्य बिल्डिंग के पास मेट्रो के गेट नंबर-8 के बाहर स्थानीय बसों के लिए शेड बनाए गए हैं।
रोजाना 50-60 हजार यात्रियों को मिलेगी राहत
कश्मीरी गेट बस अड्डा से रोजाना 1000 से अधिक अंतरराज्यीय बसें आवागमन करती हैं। रोजाना 50-60 हजार यात्री बस अड्डा आते जाते हैं। यात्रियों की सुविधा के लिए 350 से अधिक डीटीसी और क्लस्टर की बसें भी यहां से चलती हैं। फिलहाल स्थानीय बसों में सफर करने के लिए यात्रियों को मोरी गेट या कश्मीरी गेट के लिए सड़क पर पहुंचना होता है। रिंग रोड की तरफ भारी ट्रैफिक होने के कारण यात्रियों को फुटओवर ब्रिज पर जाना होता है। अब बस अड्डा परिसर में ही स्थानीय बस की सुविधा होने से यात्रियों को काफी राहत मिलेगी।
मेट्रो-बस से उतरकर सीधे आईएसबीटी में कर सकेंगे प्रवेश
नई सुविधा के तैयार होने से यात्रियों को जाम से काफी राहत मिलेगी। अब बस या मेट्रो में सफर करने के लिए सड़क पार करने की जरूरत नहीं होगी। परिसर के उदघाटन के बाद बस या मेट्रो से निकलते ही यात्रियों को आईएसबीटी पर सीधे प्रवेश करने की सुविधा होगी। फिलहाल यात्रियों को अंतरराज्यीय बसों में यात्रा करने के लिए आईएसबीटी में प्रवेश करने से पहले कुछ सीढि़यां चढ़ने के बाद जांच के लिए सामान को स्कैनर से गुजारा जाता है। नई सुविधा के तैयार होने से यात्रियों को बस अड्डा में प्रवेश करने में काफी सहूलियत होगी।