कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष पद के चुनाव के लिए सोमवार को प्रदेश कार्यालय में सुबह 10 बजे से मतदान शुरू हुआ। नेताओं और कार्यकर्ताओं ने मतदान में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।
प्रदेश अध्यक्ष अनिल चौधरी के बाद पूर्व सांसद रमेश कुमार, पूर्व सांसद उदित राज, पूर्व सांसद कृष्णा तीरथ, पूर्व सांसद जगदीश टाइटलर, पूर्व सांसद संदीप दीक्षित, मीडिया सेल के चेयरमैन एवं पूर्व विधायक अनिल भारद्वाज, वाइस चेयरमैन अनुज आत्रेय सहित प्रदेश के 275 निर्वाचक मंडल के सदस्य (डेलिगेट) मतदान में शामिल हुए।
कांग्रेस अध्यक्ष पद के लिए वरिष्ठ नेता मल्लिकार्जुन खरगे और शशि थरूर आमने सामने हैं। सोमवार को प्रदेश कार्यालय में कड़ी सुरक्षा के बीच मतदान प्रक्रिया शुरू हुई। इस दौरान प्रतिनिधियों के अलावा किसी भी व्यक्ति को प्रदेश कार्यालय में प्रवेश की इजाजत नहीं थी।
चुनाव में सुबह से ही निर्वाचक मंडल के सदस्यों (डेलिगेट्स) के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया। दोपहर दो बजे तक 200 सौ से अधिक सदस्यों ने मतदान कर दिया था। चार बजे मतदान खत्म होने के बाद मत पेटियों को अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (एआईसीसी) दफ्तर में ले जाया गया। मीडिया प्रकोष्ठ के वाइस चेयरमैन अनुज आत्रेय ने बताया कि चुनाव में दिल्ली के कुल 280 डेलिगेट्स में से 275 ने अध्यक्ष के चुनाव में मतदान किया।
मतदान में पहुंचे कई नेता बोले....
-प्रदेश अध्यक्ष अनिल कुमार ने कहा कि चुनाव स्वच्छ और पारदर्शी तरीके से हुआ। पार्टी को सुदृढ़ करने और संगठन की विचारधारा को आगे बढ़ाने के लिए 275 डेलिगेट्स ने मतदान किया। अध्यक्ष के चयन के बाद विपक्ष को कांग्रेस पर निशाना साधने का मौका नहीं मिलेगा।
-प्रदेश महिला कांग्रेस अध्यक्ष अमृता धवन-इस चुनाव में डेलिगेट्स ने उन्हें समर्थन दिया है जो संगठन की विचारधारा को आगे बढ़ाएंगे। हमें विश्वास है कि नए अध्यक्ष पार्टी के वरिष्ठ नेताओं और संगठन की विचारधारा को आगे बढ़ाएंगे।
-पूर्व सांसद जगदीश टाइटलर-लोग मौजूदा व्यवस्था से ऊब गए हैं और बदलाव की राजनीति की तरफ बढ़ रहे हैं। कांग्रेस के नए अध्यक्ष बनने के बाद पार्टी को तेजी से आगे बढ़ने का मौका मिलेगा। बेरोजगारी, महंगाई सहित तमाम मुद्दों के साथ पार्टी को आगे बढ़ाने में यह मददगार होगा।
-मीडिया प्रकोष्ठ के चेयरमैन एवं पूर्व विधायक अनिल भारद्वाज ने कहा कि अध्यक्ष के चुनाव के लिए प्रदेश कार्यालय में 97 फीसदी सदस्यों ने मतदान में हिस्सा लिया। यह संगठन के प्रति विश्वसनीयता और एकजुटता दर्शाता है।
-पूर्व सांसद रमेश कुमार-संवैधानिक प्रक्रिया के तहत अध्यक्ष पद के लिए चुनाव हुआ। मतदान में सदस्यों ने बढ़ चढ़कर हिस्सा लिया। नए अध्यक्ष का सभी कार्यकर्ताओं को इंतजार है।