कान्हा उपवन में 100 एकड़ भूमि पर सिटी फारेस्ट को विकसित कराने के लिए जीडीए को एनओसी दे चुका नगर निगम अब एमओयू साइन कराएगा। जीडीए से सिटी फारेस्ट की जमीन पर अन्य निर्माण न किए जाने समेत कई शर्तों पर अंडरटेकिंग भी लेगा।
नगर निगम पहले एनओसी जारी कर चुका है, लेकिन इससे जीडीए की ओर से शर्तों का पालन करने का दस्तावेज निगम को नहीं मिला। दरअसल, नेहरू परिवहन केंद्र और नंदग्राम में डेयरी बसाने के लिए दी गई जमीन को जीडीए बेच चुका है और निगम को इससे आमदनी भी नहीं हुई।
ऐसे में निगम पार्षद अब जीडीए से लिखित दस्तावेज चाहते हैं। ताकि भविष्य में जमीन निगम के हाथ से न सरक जाए। निगम के कार्यकारिणी समिति उपाध्यक्ष राजेंद्र त्यागी का कहना है कि एमओयू में जीडीए और निगम दोनों के दायित्वों का उल्लेख किया जाएगा।
इस पर निगम और जीडीए दोनों के अधिकारियों के हस्ताक्षर होंगे। उनका कहना है कि साइंस पार्क के लिए भी निगम इसी तरह एमओयू साइन करेगा।