गुड़गांव में सशक्त नारी परिषद ने मंगलवार को गरीब बच्चे के इलाज के मामले को लेकर सिविल अस्पताल व सेक्टर-15 स्थित राज्य के स्वास्थ्य मंत्री के आवास पर प्रदर्शन किया।
प्रदर्शन के बाद बच्चे को सिविल अस्पताल से अच्छे इलाज के लिए पीजीआई रोहतक ट्रांसफर कर दिया गया। प्रदर्शन का नेतृत्व दीपा आंतिल व संस्था के उपाध्यक्ष हितेन्द्र यादव कर रहे थे।
बता दें कि भोड़सी में रहने वाले मोनू के 11 महीने के मासूम बच्चा मनीष की सांस लेने व खाने की नली एक ही है। इस वजह से वह कुछ भी खाना नहीं खा पाता। खाना खाते ही उसकी सांसें रुकने लगती हैं।
ऐसे में उसे एक कृत्रिम पाइप के द्वारा उसके शरीर में पानी व दूध पहुंचाया जाता है, ताकि वह जिंदा रह सके। बावजूद इसके उसके सांस व खाने की नली में बलगम जम जा रहा है, जिस वजह से उसे सांस लेने में दिक्कत हो रही है। सरकारी अस्पताल में माकूल इंतजाम नहीं होने और प्राइवेट अस्पताल द्वारा इलाज नहीं करने के बाद यह विरोध किया जा रहा है।
आंदोलन की शुरूआत सिविल सर्जन कार्यालय से हुई। बाद में सिविल सर्जन से मिलकर उन्होंने एक ज्ञापन सौंपा। इस बीच वार्ता के दौरान दोनों पक्षों के बीच बच्चे के इलाज को लेकर जोरदार बहस हुई। नारी परिषद के समर्थकों ने सेक्टर-15 स्थित स्वास्थ्य मंत्री के आवास पर प्रदर्शन किया।