फरीदाबाद के बीके अस्पताल में 30 जून को बच्चा बदले जाने के आरोप में रविवार को परिजनों ने एक बार फिर अस्पताल में हंगामा किया और अस्पताल प्रबंधन द्वारा जारी की गई रिपोर्ट को चुनौती दी।
डबुआ कॉलोनी निवासी राजू ने बताया कि उसकी पत्नी आरती को प्रसव के लिए 27 जून को अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
आरती ने लड़के को जन्म दिया था, जबकि उन्हें बताया गया कि लड़की का जन्म हुआ है। राजू ने आरोप लगाया कि इस पर उन्होंने 30 जून को अस्पताल में हंगामा भी किया था।
मामले को उछलता हुआ देख अस्पताल प्रबंधन ने उस दिन बच्चा वापस देने का आश्वासन देकर शांत करवाया था। लेकिन परिवार को उनका बच्चा नहीं दिया गया। यहीं नहीं आरती का इलाज भी ठीक ढंग से नहीं किया जा रहा है।
पीएमओ डॉ. किशन कुमार ने बताया कि परिजन आकर बताए कि अस्पताल के किस अधिकारी ने यह आश्वासन दिया है। पहचान करें, अगर ऐसा नहीं हुआ तो इस बार उन पर कार्रवाई होगी।