प्रदेश भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष एवं वर्तमान सांसद मनोज तिवारी ने दिल्ली सरकार पर सार्वजनिक स्थानों पर छठ पूजा करने पर प्रतिबंध लगाने का आरोप लगाते हुए उसके खिलाफ रथयात्रा निकालने का एलान किया है। वह शनिवार से दिल्ली सरकार पर दबाव बनाने के लिए सोनिया विहार में यमुना नदी स्थित छठ घाट से रथ यात्रा शुरू करेंगे। वह सभी सातों संसदीय क्षेत्रों में रथ यात्रा करेंगे।
मदर टैरेसा क्रीसेंट रोड स्थित अपने सरकारी आवास पर मनोज तिवारी ने संवाददाता सम्मेलन में मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल पर पूर्वांचल वासियों की आस्था को जानबूझकर ठेस पहुंचाने का आरोप लगाया। उन्होंने छठ पूजा के लिए अलग शर्त लाने पर अरविंद केजरीवाल की मंशा पर सवाल खड़ा किया।
उन्होंने कहा कि दिल्ली में जब साप्ताहिक बाजार, शराब के ठेके, मंदिर खुल गए है और बस, ट्रेन और मेट्रो रेल चल गई एवं स्विमिंग पूल खोलने का आदेश दिल्ली सरकार ने दे दिया है। मस्जिदों में नमाज पढ़ने पर पाबंदी नहीं है। ऐसे में लाखों लोगों की आस्था के महापर्व छठ पूजा पर प्रतिबंध क्यों लगाया गया है, जबकि छठ पूजा 40 दिन बाद होगी और छठ पूजा पर बहुत पहले प्रतिबंध लगा दिया है।
'केजरीवाल का उतावलापन साजिश पर संदेह पैदा करता है'
सांसद मनोज तिवारी ने कहा कि अरविंद केजरीवाल का उतावलापन किसी बड़ी साजिश पर संदेह पैदा करता है। वह एक सोची समझी साजिश के तहत आस्था पर चोट कर पूर्वांचल वासियों को दिल्ली से पलायन के लिए मजबूर करना चाहते हैं।
इस मौके पर भोजपुरी समाज के राष्ट्रीय अध्यक्ष अजीत दुबे, भाजपा विधायक अभय वर्मा, पार्षद मनीष चौधरी, भाजपा नेता मनीष सिंह, नीलकांत बक्शी आनंद त्रिवेदी आदि भी मौजूद थे।