यमुना में अमोनिया की मात्रा बढ़ने से राजधानी के दो जलशोधन संयंत्र बंद हो गए हैं। महानगर के करीब एक तिहाई हिस्से में जलापूर्ति प्रभावित हो रही है। हालात को देखते हुए दिल्ली के मुख्य सचिव केके शर्मा ने हरियाणा के मुख्य सचिव को पत्र लिखकर यमुना को प्रदूषित होने से बचाने के लिए हस्तक्षेप करने की मांग की है।
वजीराबाद और चंद्रावल जलशोधन संयंत्र बंद होने से नई दिल्ली सहित उत्तरी, उत्तर पश्चिम, मध्य दिल्ली और पश्चिम व दक्षिण दिल्ली के करीब 30 फीसदी इलाकों में जलापूर्ति प्रभावित हुई है। दिल्ली सरकार ने जनता से अपील की है कि पानी की आपूर्ति बंद होने को लेकर आतंकित न हों।
जहां दिक्कत है, वहां टैंकर से पानी की सप्लाई की जाएगी। क्षेत्र के हिसाब से आपातकालीन नंबर भी जारी किए हैं। सरकार के अनुसार हर आधे घंटे में कच्चे पानी की जांच की जा रही है।