कालकाजी निवासी एक युवक को हनीट्रैप में फंसाकर रविवार शाम को अगवा कर लिया गया। आरोपी मोटी रकम वसूलना चाहते थे, लेकिन जब अपहरण कर ले जा रहे थे तो ऑटो चालक की समझदारी से कालकाजी पुलिस ने मुख्य आरोपी इकरार अली व अनुराधा को गिरफ्तार कर युवक को छुड़ा लिया। दोनों से पूछताछ के बाद तीसरे आरोपी को साहिल को भी दबोच लिया। पुलिस चौथे आरोपी की तलाश कर रही है। आरोपियों से पिस्टल, चार कारतूस, कार आदि सामान बरामद किया गया है।
दक्षिण-पूर्व जिला डीसीपी ईशा पांडेय के अनुसार, 18 दिसंबर की शाम जावेद को अगवा करने की सूचना मिली। इसके बाद कालकाजी थानाध्यक्ष राकेश कुमार, एसआई रोशनलाल व एसआई रवि कुमार मौके पर पहुंचे। पुलिस को पता लगा कि जावेद को इकरार अली, साहिल व अनुराधा अगवा कर ले जा रहे हैं। पुलिस ने इकरार व अनुराधा को गिरफ्तार कर लिया, जबकि साहिल फरार हो गया। मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
जांच में पता लगा कि अनुराधा ने एक माह पहले साजिश के तहत जावेद से इंस्टाग्राम के जरिए दोस्ती की थी। इसके बाद उसे मिलने के लिए बुलाया। दो बार जावेद मिलने नहीं पहुंचा। जब युवती ने मिलने का ज्यादा दबाव डाला तो वह कालकाजी मंदिर मिलने चला गया। यहां युवती कार में चालक सीट पर बैठी थी। जैसे ही जावेद कार में बैठा तो आरोपियों ने उसे काबू कर लिया। आरोपियों ने पिस्टल दिखाकर जावेद से मोबाइल लूट लिया। इस पर जावेद ने शोर मचाना शुरू कर दिया।
वहां से गुजर रहे ऑटो चालक ने जावेद को देख लिया और भारत पेट्रोलियम पेट्रोल पंप के पास मथुरा रोड पर ऑटो से कार को रोक दिया। इसके बाद पुलिस को सूचना दे दी। 7वीं तक पढ़ा साहिबाबाद निवासी इकरार अली (27) एसी मरम्मत का काम करता है। सुंदर नगरी, दिल्ली निवासी अनुराधा (19) 12वीं तक पढ़ी है और निजी कंपनी में काम करती है।