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चारधाम यात्रा 2021: हेमकुंड साहिब में बर्फबारी, यमुनोत्री धाम जाने के लिए जानकीचट्टी में उमड़ी तीर्थयात्रियों की भीड़

Fri, 22 Oct 2021 09:52 PM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून

सार

Uttarakhand weather Char dham Yatra Update:  मलारी हाईवे शुक्रवार को पांचवे दिन भी वाहनों की आवाजाही के लिए नहीं खुल पाया। यहां दो जगहों पर चट्टान टूटने से हाईवे पूरी तरह से ध्वस्त है।
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यमुनोत्री धाम - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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उत्तराखंड में मौसम साफ बना हुआ है। हालांकि कई जगह सुबह की शुरुआत हल्के कोहरे के साथ हुई लेकिन दिन चढ़ने के साथ चटख धूप लिखी है। वहीं, चाधाम यात्रा मार्ग भी सुचारू है। शुक्रवार सुबह यमुनोत्री धाम जाने के लिए अंतिम पड़ाव जानकीचट्टी में तीर्थयात्रियों की भीड़ उमड़ी है। चौकी इंचार्ज गंभीर तोमर ने बताया कि सुबह से अब तक 1200 तीर्थयात्री यमुनोत्री धाम पहुंच चुके हैं। वहीं, सुबह जोशीमठ और हेमकुंड साहिब में जबरदस्त बर्फबारी हुई। यहां दो फीट तक बर्फ जमी है। 

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मलारी हाईवे पांचवे दिन भी बंद
मलारी हाईवे शुक्रवार को पांचवे दिन भी वाहनों की आवाजाही के लिए नहीं खुल पाया। यहां दो जगहों पर चट्टान टूटने से हाईवे पूरी तरह से ध्वस्त है। चट्टान से बड़े-बड़े बोल्डर हाईवे पर अटके हुए हैं, जिससे सीमांत क्षेत्र के गांवों के ग्रामीणों के साथ ही सेना के जवानों को आवाजाही में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। 

तिब्बत (चीन) सीमा क्षेत्र के गांवों में पिछले चार दिनों से बिजली और संचार सेवा भी ठप है। 17 अक्तूबर की रात से क्षेत्र में भारी बारिश के बाद तमकनाला, भापकुंड और तपोवन से करीब दो किलोमीटर आगे हाईवे अवरुद्ध हो गया था। तीन दिनों से बीआरओ की टीम और मशीनें बदरीनाथ हाईवे को खोलने में जुटी हुई है। इस कारण मलारी हाईवे को अभी तक नहीं खोला जा सका है। 
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भलगांव के ग्राम प्रधान लक्ष्मण सिंह बुटोला का कहना है कि तपोवन से आगे कई जगहों पर मलारी हाईवे अवरुद्ध है। अब नीती घाटी के गांवों के ग्रामीणों को शीतकालीन प्रवास के लिए जिले के निचले क्षेत्रों में आना है। हाईवे नहीं खुला तो ग्रामीणों को दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है।

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चारधाम यात्रा पूरी तरह सुरक्षित : डीजीपी

पुलिस महानिदेशक अशोक कुमार ने कहा कि प्रदेश आपदा के संकटकाल से उबर चुका है। उन्होंने कहा कि तीर्थयात्रियों के लिए अब चारधाम यात्रा पूरी तरह से सुरक्षित है। पुलिस ने महानिदेशक ने कहा कि आपदा प्रबंधन कार्यों मेेें जुटी पुलिस टीम की सराहना की। उन्होंने कहा कि समय पर रेस्क्यू अभियान शुरू होने से हम केदारनाथ में फंसे 13 हजार यात्रियों को सुरक्षित निकालने में कामयाब रहे।    

शुक्रवार को पुलिस महानिदेशक अशोक कुमार ने रायवाला के गौहरी माफी में मां आनंदमयी मेमोरियल स्कूल में इनडोर स्पोर्टस कॉम्पलेक्स का उद्घाटन किया। यहां पत्रकारों से बातचीत के दौरान पुलिस महानिदेशक ने कहा कि आपदा की सूचना मिलने के साथ युद्धस्तर पर रेस्क्यू अभियान शुरू कर दिया गया था। उन्होंने कहा कि पुलिस टीम ने बड़ी संख्या में लोगों को बचाने का सराहनीय कार्य किया है। इससे जानमाल के नुकसान को कम किया जा सका।

सही समय पर सूचना मिलने से पुलिस को आपदा प्रबंधन कार्यों में काफी मदद मिली थी। उन्होंने कहा कि जांबाज पुलिसकर्मियों को सम्मानित कर उनका हौसला बढ़ाया जा रहा है। पुलिस महानिदेशक अशोक कुमार ने कहा कि अब चारधाम यात्रा सुचारू रूप से चल रही है। उन्होंने कहा कि कुमाऊं मंडल में फिलहाल दो सड़के बंद है, जबकि अन्य सभी सड़कों को यातायात के आवागमन के लिए खोल दिया गया है।

22 दिन में हेलीकॉप्टर से केदारनाथ पहुंचे 16369 श्रद्धालु
रुद्रप्रयाग। केदारनाथ यात्रा में इस वर्ष 6 हेली कंपनियां सेवा दे रही है। 22 दिन में 16369 श्रद्धालु धाम पहुंचकर दर्शन कर चुके हैं। 18 सितंबर से अब् तक 1 लाख 38 हजार से अधिक श्रद्धालु पहुंच चुके हैं। देवस्थानम बोर्ड के मीडिया प्रभारी डा. हरीश चंद्र गौड़ व यात्रा प्रभारी युद्धवीर पुष्पवाण ने बताया कि पिछले तीन दिन से केदारनाथ में प्रतिदिन 14 हजार से अधिक श्रद्धालु बाबा केदार के दर्शन कर रहे हैं। 
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