नैनीताल में एक होटलकर्मी नहाते समय झील में डूब गया। वहीं, मंगलवार को हेलीकॉप्टर से मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी धारचूला पहुंचे। मुख्यमंत्री ने आपदा से हुए नुकसान का हवाई सर्वेक्षण कर जायजा लिया। पढ़ें कुछ और बड़ी खबरें...
मंगलवार को नैनीताल की ठंडी सड़क पर फिर से भूस्खलन हो गया है। जिससे यहां मार्ग बंद हो गया है। उधर, नेपाल के बरसाती नाले से आए भारी मलबे ने काली नदी का प्रवाह रोक कर झील बना दी है। पढ़ें कुछ और अहम खबरें...
विज्ञापन
उत्तराखंड: धारचूला में अतिवृष्टि से सात मकान जमींदोज, पांच की मौत, मुख्यमंत्री पहुंचे आपदा प्रभावित क्षेत्र, हवाई सर्वेक्षण कर लिया जायजा
धारचूला के जुम्मा गांव में रविवार की रात हुई मूसलाधार बारिश ने जमकर कहर बरपाया था। अतिवृष्टि से जामुनी और नालपोली तोक में सात मकान जमींदोज हो गए थे। इस हादसे में पांच लोगों की मौत हो गई थी। जबकि अभी भी दो लोग लापता हैं।
नैनीताल: नहाते समय नौकुचियाताल झील में डूबा होटल कर्मी, नहीं लगा कोई सुराग
नैनीताल में एक होटलकर्मी नहाते समय झील में डूब गया। युवक की खोजबीन जारी है, लेकिन अभी तक उसका कोई सुराग नहीं लगा है। जानकारी के अनुसार, नौकुचियाताल लेक रिजॉर्ट में कार्यरत मोहित नेगी (23) पुत्र सुंदर सिंह नेगी निवासी ग्राम तल्ली नंदोली पोस्ट ऑफिस थल्ला मनराल बाया रामनगर जिला अल्मोड़ा मंगलवार की शाम करीब चार बजे झील में नहाने गया था। इस दौरान वह अचानक डूबने लगा।
पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें...
उत्तराखंड मौसम: आज राज्य के अधिकतर इलाकों में मौसम फिलहाल साफ, नैनीताल की ठंडी सड़क पर हुआ भूस्खलन
उत्तराखंड के अधिकतर इलाकों में मंगलवार को सुबह से ही मौसम साफ बना हुआ है। मंगलवार को नैनीताल की ठंडी सड़क पर फिर से भूस्खलन हो गया है। जिससे यहां मार्ग बंद हो गया है। इस भूस्खलन से कुमाऊं विवि के महिला छात्रावास को भी खतरा हो गया है। जान की परवाह किए बगैर लोग भूस्खलन के मलबे से गुजर रहे हैं। गंगोत्री व यमुनोत्री हाईवे पर यातायात सुचारू है।
पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें...
खतरा: नेपाल की ओर से हुए भूस्खलन से काली नदी में आया भारी मलबा, बहाव रुका, बनी झील, तस्वीरें...
इस मानसून में बादलों ने उत्तराखंड के पहाड़ी इलाकों में भारी कहर बरपाया है। रविवार रात को धारचूला में सात मकान ध्वस्त होने के बाद अब धारचूला में एक और बड़े खतरे ने दस्तक दी है। यहां नेपाल के बरसाती नाले से आए भारी मलबे ने काली नदी का प्रवाह रोक कर झील बना दी है। जिससे खतरे की आशंका पैदा हो गई है।
पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें...
पिथौरागढ़ में आपदा: भाई के परिवार को सचेत कर खुद मलबे में बहे चंद्र सिंह, जिंदा दफन हो गईं पांच जिंदगियां
उत्तराखंड में पिथौरागढ़ के जामुनी तोक में रहने वाले चंद्र सिंह को तबाही की आहट हुई तो सबसे पहले उन्होंने अपने भाई के घर जाकर उन्हें सचेत किया। भागकर पत्नी और तीन भतीजियों को जगाने आए तब तक मकान के साथ खुद भी मलबे में बह गए।
पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें...