परिजनों ने बताया कि डॉक्टर ने प्रसव का दर्द बताकर सामान्य प्रसव होने की बात कहते हुए उसे इंजेक्शन लगाया, लेकिन इसके कुछ देर बाद ही महिला के पेट में ज्यादा दर्द उठने पर डॉक्टर ने बच्चे की हार्टबीट सामान्य से कम बताकर उसे हायर सेंटर रेफर कर दिया। परिजन गर्भवती को एंबुलेंस से जिला अस्पताल ले जा रहे थे, लेकिन देवकी ने चांठी के पास दम तोड़ दिया।
गर्भवती महिला की मौत के मामले में सीएचसी चौंड लंबगांव के चिकित्साधिकारी ने पूछताछ में बताया कि परिजन जब तक गर्भवती महिला को लेकर अस्पताल पहुंचे थे, तब तक बच्चे की धड़कन बंद हो चुकी थी। महिला की गंभीर स्थित को देखते हुए जिला अस्पताल रेफर करना पड़ा। इस मामले में परिजनों की ओर से भी अभी तक कोई शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है। फिर भी एसीएमओ की अध्यक्षता में जांच टीम गठित की गई है। जांच रिपोर्ट में यदि डॉक्टर की लापरवाही पाई गई तो कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
- डा. मनु जैन, सीएमओ टिहरी।