एम्स में नहीं मिला बेड
इस दौरान हमले में गुलदार ने बच्चे के सिर, चेहरे पर नाखूनों से वार कर लहूलुहान कर दिया। गंभीर हालत में परिजन बच्चे को तुरंत सीएचसी हिंडोला खाल ले गए। जहां से श्रीनगर रेफर किया गया। यहां से बच्चे को ऋषिकेश एम्स भेज दिया गया। लेकिन वहां भी बेड न मिलने के कारण उसे देहरादून के एक प्राइवेट अस्पताल में भर्ती कराया गया।
इलाज का खर्च उठाएगा बन विभाग
रेंजर दीक्षा भट्ट ने बताया कि वह भी घायल बच्चे के उपचार के लिए देहरादून पहुंची हैं। चिकित्सकों ने बच्चे के सिर के ऑपरेशन की बात कही है। उन्होंने कहा कि वन विभाग बच्चे के इलाज का खर्चा उठाएगा। उधर गोसिल गांव में वन कर्मियों की टीम की तैनाती के साथ पिंजरा भी लगाया जा रहा है।