लोग दशहरी, आम्रपाली, लंगड़ा जैसी महत्वपूर्ण प्रजाति के आमों का स्वाद जून-जुलाई में लेते थे, लेकिन पिथौरागढ़ में नाचनी के आमधार गांव के किसान जीवन दानू के यहां अक्टूबर में भी पेड़ पर आम लदे हैं।
जब वह इस आम की प्रजाति को पंत विवि में लगे किसान मेले में लेकर आए वैज्ञानिक भी आश्चर्यचकित रह गए। प्राथमिक जांच में यह आम उत्तम क्वालिटी का पाया गया।
आम की वैसे तो कई प्रजातियां हैं। सभी जून-जुलाई में पककर तैयार होती हैं। अब तक कोई लेट वैरायटी विकसित नहीं की जा सकी है।
पिथौरागढ़ जिले के नाचनी के गांव आमधार के किसान जीवन दानू के यहां आम का ऐसा पेड़ है जो अक्टूबर-नवंबर में फल देता है। जब दानू 250 से 300 ग्राम वजन के आमों लेकर किसान मेले में पहुंचे तो वैज्ञानिक भी हैरत में पड़ गए।