फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

अब एक ही छत ने नीचे मिलेंगे स्पेशलिस्ट डॉक्टर

Wed, 07 Jun 2017 12:24 PM IST
विजेंद्र श्रीवास्तव / अमर उजाला, देहरादून
विज्ञापन
डेमो पिक
विज्ञापन
उत्तराखंड स्वास्थ्य विभाग में डॉक्टरों की बेहद कमी है। इसमें में भी स्पेशलिस्ट डॉक्टरों का तो टोटा है। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग ने 13 जिले में एक अस्पताल को सभी स्वास्थ्य सुविधाओं से लैस करने का फैसला किया है।
विज्ञापन


योजना है कि जिले का कम से एक ऐसा अस्पताल हो, जहां पर स्पेशलिस्ट डॉक्टर से लेकर सभी जांच सुविधा हो, जिससे खासकर पहाड़ के रोगियों को जिले से बाहर इलाज के लिए न जाना पड़े। इस संबंध में स्वास्थ्य विभाग ने शासन को प्रस्ताव भेजा है।

स्वास्थ्य विभाग में स्वास्थ्य महानिदेशक से लेकर चिकित्सा अधिकारी तक के 2715 स्वीकृत पद है, इसमें 1086 ही कार्यरत हैं। 1629 डाक्टरों के पद रिक्त हैं। इसमें भी सर्जन, एनस्थीसिया, बाल रोग, महिला रोग, ईएनटी जैसे विशेषज्ञ डाक्टरों की और कमी है। इसके कारण रोगियों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।
विज्ञापन


अब योजना बनी है कि कम से कम जिले का एक ऐसा अस्पताल हो, जहां विशेषज्ञ डॉक्टर से लेकर सभी जांच सुविधाएं मौजूद हो। अगर किसी को सर्जरी आदि की जरूरत हो तो एनस्थीसिया, मेडिसिन विभाग से लेकर सर्जन सभी एक जगह मौजूद हो और तत्काल इलाज मुहैया हो जाए।

कई बार विशेषज्ञ डॉक्टरों की पूरी फैकल्टी न होने के कारण रोगियों को देहरादून समेत अन्य शहरों का रुख करना पड़ता है। अपर निदेशक स्वास्थ्य डॉ. प्रेमलाल ने बताया कि प्रयास है कि रोगियों को इलाज के लिए कम से कम जिले से बाहर न जाना पड़े। जिले में अलग-अलग जगह स्पेशलिस्ट डॉक्टरों को तैनात करने की जगह कम से कम एक अस्पताल को सभी सुविधाओं और डॉक्टरों से लैस किया जाए। इसका प्रस्ताव शासन को भेजा गया है।

712 डॉक्टरों की भेजी गई डिमांड
स्वास्थ्य विभाग में डॉक्टरों की कमी है। इन पदों को भरने की एक बार कोशिश शुरू हुई है। अपर निदेशक प्रेमलाल कहते हैं कि 712 डॉक्टरों की डिमांड चिकित्सा सेवा चयन आयोग को भेजी गई है। डॉक्टरों के आने से स्वास्थ्य सुविधा और बेहतर होगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें