मंदिरों में दिखे भिखारी तो नपेंगे थाना और चौकी प्रभारी
महाशिवरात्रि के मौके पर मंदिरों के आसपास भिखारी दिखे तो थाना और चौकी प्रभारियों पर कार्रवाई की जाएगी। पुलिस कप्तान ने कहा कि भिखारियों को हटाने के लिए अभियान चल रहा है। यदि अब भी भिखारी मंदिरों में खड़े पाए गए तो समझा जाएगा कि थाना और चौकी प्रभारी अपना काम ठीक से नहीं कर रहे हैं। उन्होंने मंदिरों और मेला आयोजन स्थलों पर सुरक्षा व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम करने के निर्देश भी दिए।
पुलिस कप्तान दलीप सिंह कुंवर ने शुक्रवार को सभी एसपी, सीओ और थाना-चौकी प्रभारियों के साथ वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक की। उन्होंने सबसे पहले भिखारियों की बढ़ती संख्या पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि भिक्षावृत्ति की आड़ में आपराधिक घटनाएं होती हैं। ऐसे में जरूरी है कि भिखारियों को भिक्षुगृह भेजा जाए। साथ ही उन्हें मुख्यधारा में लाने के लिए अभियान चल रहा है, उसमें अपना ज्यादा से ज्यादा योगदान दें।
ये भी दिए निर्देश
- मंदिरों के आसपास पर्याप्त संख्या में पुलिस बल तैनात किया जाए।
- शिवालयों में प्रवेश और निकासी के लिए अलग-अलग द्वार बनवाए जाएं।
- टपकेश्वर मंदिर के आसपास समुचित पार्किंग की व्यवस्था हो।
- मेलों के आसपास एलआईयू सक्रिय रहे और असामाजिक तत्वों पर निगाह रखे।
- मेलों में अफवाह फैलाने वालों पर नजर रखी जाए।
- मेलों में आने वाले बाहरी लोगों का सत्यापन अवश्य कराया जाए।
- लाउडस्पीकर के माध्यम से लोगों को मेलों में सचेत किया जाए।