मेला अस्पताल परिसर में बनी स्वास्थ्य विभाग की कॉलोनी के एक आवास की छत पर गुलदार दिखाई देने पर लोगों में दहशत फैल गई। गुलदार यहां से एक बंदर को मारकर ले गया। शनिवार की सुबह कॉलोनी के आवास की छत पर गुलदार दिखा। यहां रहने वाले स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारी राजेंद्र तेश्वर ने बताया गुलदार बंदर को दबोच ले गया।
गुलदार को देखते ही शोर मचाया तो आसपास के लोग भी एकत्र हो गए। इस के बाद लोग कर्मचारी यूनियन के प्रदेश महामंत्री दिनेश लखेड़ा के नेतृत्व में बिल्वकेश्वर कॉलोनी स्थित राजाजी पार्क के कार्यालय में पहुंचे। इस दौरान कार्यालय में कोई अधिकारी नहीं मिला। दिनेश लखेड़ा ने कहा कि राजाजी पार्क के अधिकारियों को जंगली जानवरों को आबादी में आने से रोकना चाहिए।
मिस्सरपुर में गुलदार ने बछड़े को मारा
गांव मिस्सरपुर में गुलदार ने एक बछड़े को मार डाला। ग्रामीण महावीर का कहना है कि घर के पास ही पशु बंधे हुए थे। शुक्रवार की रात बारह बजे करीब गाय के बछड़े के चीखने की आवाज सुनाई दी। आवाज सुनकर उनकी आंखें खुल गई। शोर मचाने पर मौके पर काफी ग्रामीण एकत्र हो गए।
ग्रामीणों को देख गुलदार दीवार फांदकर भाग गया। कुछ देर बाद बछड़े ने दम तोड़ दिया। ग्राम प्रधान रविन्द्र सिंह, महावीर, राजेश सैनी और सुबोध आदि ग्रामीणों ने वन विभाग के अधिकारियों से गुलदार को पकड़वाने की मांग की है।
कालाढूंगी (नैनीताल) में नलनी गांव के पास शनिवार को पशुधन प्रसार अधिकारी की कार पर दो तेंदुओं ने हमला कर दिया। अचानक हुए हमले में चालक कार से नियंत्रण खो बैठा और कार खाई में जा गिरी। इसमें कार चालक और पशुधन अधिकारी मामूली रूप से चोटिल हो गए।
बाजपुर के रामराज रोड निवासी और नैनीताल में तैनात पशुधन प्रसार अधिकारी अनिल कुमार शर्मा अपने ड्राइवर विजेंद्र सिंह के साथ कार (यूके 18 एल 4185) से ड्यूटी कर घर लौट रहे थे। कालाढूंगी से 12 किमी आगे नलनी गांव के पास सड़क के किनारे बैठे दो तेंदुओं ने अचानक कार पर हमला कर दिया।
इस हमले में चालक विजेंद्र सिंह कार से नियंत्रण खो बैठा और कार सड़क किनारे खाई में जा गिरी। सूचना पर पहुंची मंगोली चौकी पुलिस ने दोनों को निजी वाहन से कालाढूंगी भेजा, जहां प्राथमिक इलाज के बाद दोनों बाजपुर रवाना हो गए। नलनी गांव के पूर्व प्रधान पूरन सिंह अधिकारी ने वन विभाग से गश्त करने की मांग की है।