कोरोना जांच फर्जीवाडे में गिरफ्तार मुख्य आरोपी पंत दंपती जेल पहुंचने के बाद गुमसुम हैं। बैरक में बंदियों से बातचीत में दूरी बनाई रखी। मंगलवार सुबह दंपती सामूहिक प्रार्थना सभा में शामिल हुए और पूजा की। महाकुंभ 2021 में हुए कोरोना जांच घोटाले के बाद नामजद मैक्स कारपोरेट सोसायटी के पार्टनर शरत और मल्लिका पंत को सोमवार की शाम पांच बजकर 16 मिनट पर जेल में दाखिल कराया गया।
दंपती को एसआईटी ने नोएडा स्थित उनके आवास से रविवार रात दबोचा था। शरत पंत को बैरक नंबर दो-बी में रखा गया है। वहीं उसकी पत्नी मल्लिका को महिला बैरक के आईसोलेशन वार्ड में रखा है। रात के समय अन्य बंदियों के साथ ही दोनों ने खाना खाया। हालांकि, पंत दंपती ने अपने साथ बंद अन्य बंदियों से ज्यादा बातचीत नहीं की।
जिला कारागार में प्रतिदिन सुबह प्रार्थना सभा होती है। मंगलवार सुबह बाकी बंदियों और कैदियों के साथ पंत दंपती भी शामिल हुए और पूजा की। इसके बाद नाश्ता और दोपहर का खाना खाया। उन्होंने जेल के अधिकारियों से कोई मांग नहीं की। जिला कारागार अधीक्षक मनोज कुमार आर्य ने बताया कि पंत दंपती को अन्य बंदियों वाला खाना व नाश्ता ही दिया गया। दोनों का व्यवहार सामान्य रहा।
पहले दिन नहीं पहुंचा कोई भी मुलाकात के लिए
कोरोना जांच फर्जीवाड़े में गिरफ्तार कर जेल भेजे गए मुख्य आरोपी शरत व मल्लिका पंत से मुलाकात करने के लिए परिवार, रिश्तेदार व कोई भी परिचित नहीं पहुंचा। जिला जेल अधीक्षक मनोज कुमार आर्य ने बताया कि मुलाकात के दौरान जो भी व्यक्ति आएगा उनको आरटीपीसीआर रिपोर्ट की जरूरत होगी।
पुलिस प्रशासन रख रहा नजर
पंत दंपती से जिला कारागार में मुलाकात करने के लिए आने वाले आने वालों पर पुलिस प्रशासन नजर भी रख रहा है। इसके लिए जेल प्रशासन से लगातार संपर्क किया जा रहा है। जेल प्रशासन अधिकारियों को बताया गया कि यदि कोई भी मुलाकात के लिए आए तो उसके बारे में तुरंत सूचना दी जाए। इसके साथ ही उनका नाम पता भी नोट कर आधार कार्ड की फोटो प्रति ली जाए।