भूख के कारण एक मादा गुलदार मौत का शिकार हो गई। बृहस्पतिवार को उसका शव सालावाला सेंट्रल स्कूल के पीछे एक खाले से बरामद हुआ। हालांकि, गुलदार का एक पंजा कटा होने से हड़कंप मचा हुआ है।
जंगल महकमे ने इस मामले में अज्ञात के खिलाफ जुर्म जारी करके जांच शुरू कर दी है।
पशु चिकित्सक डा.राकेश नौटियाल और डा.आदित्य चौहान ने बृहस्पतिवार को देर शाम गुलदार के शव का पोस्टमार्टम किया। डाक्टरों के अनुसार गुलदार का पेट खाली था। ऐसे में उसे ठंड लगने से निमोनिया हो गया, जिससे उसकी मौत हो गई है।
कटे पंजे से उठे सवाल
पोस्टमार्टम में गुलदार के पेट में जहरीला पदार्थ नहीं पाया गया। हालांकि, गुलदार का एक पंजा कटा हुआ है। इसे लेकर कई सवाल खड़े हो रहे हैं, जिनका जवाब वन विभाग के पास नहीं है।
पोस्टमार्टम करने के बाद शव को मालसी डियर पार्क में जला दिया गया। विभाग के अनुसार मादा गुलदार की उम्र डेढ़ साल से अधिक थी। उसकी लंबाई 1.65 मीटर और ऊंचाई 55 सेमी थी।
पहले भी रहा मूवमेंट
सालावाला में गुलदार का मूवमेंट पहले भी रहा है। विभाग के अनुसार इस क्षेत्र के खालों में सूअर घूमते रहते हैं, जिनकी तलाश में गुलदार अक्सर यहां पहुंच जाते हैं।
कई बार गुलदार इन सूअरों को निवाला बना चुके हैं। इसके अलावा गुलदार को इस क्षेत्र में आहार के लिए कुछ नहीं मिल पाता, जिससे कई बार भुखमरी की नौबत आ जाती है।
माना जा रहा है कि इस गुलदार को भी कई दिनों से शिकार नहीं मिल पाया था और भूख से उसकी मौत हो गई।