उत्तराखंड राज्य अधीनस्थ चयन आयोग की आधा दर्जन परीक्षाओं के नतीजे निर्वाचन आयोग की अनुमति के इंतजार में लटक गए हैं। करीब 300 पदों के लिए पिछले तीन महीने के भीतर आयोग ने परीक्षाएं संचालित कराई थी, मगर आचार संहिता लागू हो जाने के के कारण किसी एक भी पद का रिजल्ट घोषित नहीं हो पाया है।
इनमें 80 पद बैकलॉग भर्ती के है। आयोग ने दो सप्ताह पहले निर्वाचन आयोग से रिजल्ट घोषित करने की अनुमति मांगी थी, लेकिन इस पर कोई फैसला नहीं हो पाया है। आयोग के साथ ही साथ अभ्यर्थी भी इस इंतजार में हैं कि अनुमति मिले, तो उन्हें अपने रिजल्ट के बारे में जानकारी हो सके।
बता दें कि उत्तराखंड राज्य अधीनस्थ चयन आयोग ने दिसंबर से लेकर फरवरी के बीच छह परीक्षाएं आयोजित कराईं थी। इनमें सहायक कृषि अधिकारी, समीक्षा अधिकारी, कंप्यूटर ऑपरेटर, आशुलिपिक, वरिष्ठ और कनिष्ठ सहायक, भंडारपाल जैसे कई पद शामिल हैं।
आयोग का ये ही प्रयास था कि जल्द से जल्द परीक्षाएं आयोजित कराकर उनका रिजल्ट घोषित कर दिया जाए, लेकिन बीच में चुनाव आचार संहिता लग गई। 300 पदों की परीक्षा का रिजल्ट आयोग ने पिछले महीने ही तैयार कर लिया था।
दो सप्ताह पहले इसकी अनुमति निर्वाचन आयोग से मांगी गई, लेकिन इस पर फैसला अभी तक नहीं हो पाया है। चुनाव आचार संहिता 15 मार्च तक प्रभावी रहनी है। अधीनस्थ कर्मचारी चयन आयोग अब भी कोशिश में है कि अनुमति प्राप्त हो जाए, ताकि रिजल्ट को कम से कम थोड़ा जल्दी घोषित किया जा सके।
राज्य चयन आयोग के चेयरमैन एस राजू के मुताबिक, निर्वाचन आयोग से हमें अभी कोई जवाब नहीं मिला है, जबकि दो सप्ताह पहले अनुमति मांगी गई थी। वैसे, हम अब भी उम्मीद कर रहे हैं कि हमें जल्द ही अनुमति मिल जाएगी।
इधर, सहायक मुख्य निर्वाचन अधिकारी मस्तू दास का कहना है कि अनुमति के मामले को दिल्ली निर्वाचन आयोग को रैफर किया गया है। वहां से अभी कोई जवाब नहीं प्राप्त हुआ है।