उत्तराखंड में चमोली जिले की नीति घाटी में सेगड़ी नाले के शीर्ष भाग से चट्टान टूट गई। जिससे टनों मलबा नाले में आ गया। मलबा गिरने से नाले का जलस्तर कम हो गया है। स्थानीय लोगों को आशंका है कि नाले में झील बन सकती है। उन्होंने प्रशासन से इसकी जांच कराने की मांग की है।
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ग्राम प्रधान लक्ष्मण सिंह बुटोला और बलवंत सिंह का कहना है कि चट्टान टूटने से नाले का पानी का रिसाव कम हो गया है।
हालांकि चीन सीमा को जोड़ने वाला जोशीमठ-मलारी हाईवे इससे दूर है, लेकिन नाले में झील बनी तो धौली गंगा के जलस्तर में अचानक बढ़ोतरी हो सकती है। स्थानीय लोगों ने इसकी जांच और समय रहते सुरक्षा के उपाय करने की मांग उठाई है।