सात साल में दूसरी बार ब्रहमकमल की पंखुड़ियां फैलते देख पालक सहित अन्य लोगों में देखने की ललक उठ पड़ी। ब्रहमकमल को विष्णु का प्रिय पुष्प माना जाता है और देवी लक्ष्मी को अर्पित किया जाता है।
लोगों ने पुष्प की पूजा अर्चना करते हुए मनोकामना मांगी। सात साल पहले बैंगलुरू की नर्सरी से ब्रहमकमल का छोटा पौधा रामवतार शर्मा निवासी निरंजनी अखाड़ा मायापुर लेकर आए थे।
ब्रहमकमल खिलने की आस में उन्होंने पौधे को सिंचा और रखरखाव किया। अब से दो साल पहले सावन में भी दो ब्रहमकमल खिले थे। अब फिर 2014 में अब दो फूल फिर से खिले है।
यह फूल चंद घंटे ही खिलते है। यह भगवान विष्णु को प्रिय माना जाता है। यह पुष्प देवी लक्ष्मी को भी अर्पित किया जाता है।