डेंगू रोकथाम एवं नियंत्रण अभियान के लिए नगर निगम सभागार में निगम और स्वास्थ्य विभाग के मध्य समन्वय बैठक व प्रशिक्षण कार्यशाला हुई। बैठक में डेंगू रोकथाम को लेकर संयुक्त रणनीति का खाका खींचा गया। इसके साथ ही निगम के सुपरवाइजर, निरीक्षक, आशा सहयोगी को डेंगू रोकथाम, लार्वा उन्मूलन और जागरूकता के लिए आवश्यक प्रशिक्षण और निर्देश दिए गए।
प्रशिक्षण के दौरान जिला सर्विलांस अधिकारी डॉ. सीएस रावत ने बताया कि सभी आशा कार्यकर्ता घर-घर जाकर लोगों को साफ-साफाई को लेकर जागरूक करें। बताएं कि सप्ताह में दो बार घर व आसपास जमे पानी को साफ करें। उपयोग होने वाले पानी को कम से कम दो बार अवश्य बदलें। इससे लार्वा के पनपने की आशंका कम होगी। नगर निगम की टीम के साथ समन्वय स्थापित करते हुए सोर्स रिडक्शन का कार्य करें।
वरिष्ठ नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अविनाश खन्ना ने समस्त निरीक्षकों और सुपरवाइजरों को निर्देशित किया कि स्वास्थ्य विभाग की आशा कार्यकर्ताओं की सूचना के आधार पर चिह्नित किए गए लार्वा साइटों को तुरंत नष्ट करें और संवेदनशील क्षेत्रों में तत्काल फॉगिंग करवाएं। जिला मलेरिया अधिकारी सुभाष जोशी ने डेंगू मच्छर पनपने और डेंगू फैलने के संबंध में जानकारी दी। जिला कंसल्टेंट मनीषा बिष्ट ने आशा फैसिलिटेटर (सहयोगी) को रिपोर्टिंग प्रपत्र में वांछित जानकारी को भरने के संबंध में प्रशिक्षित किया। डॉ. पियूष ने कहा कि फील्ड में जितने कार्य किए जाएं उसकी दैनिक रिपोर्ट आईडीएसपी प्रकोष्ठ को उपलब्ध कराएं।
Iविभाग बनाएं आपसी समन्वयI
सीएमओ डॉ. संजय जैन ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग और नगर निगम के मध्य बेहतर समन्वय के लिए यह बैठक आयोजित की गई थी। दोनों विभागों के फील्ड कर्मी आपसी समन्वय से डेंगू रोकथाम के लिए कार्य करेंगे। लार्वा साइट उन्मूलन और जनजागरूकता इस प्रयास का मुख्य उद्देश्य है। बैठक में जिला समन्वयक आशा दिनेश पांडे, पंचम सिंह बिष्ट, जिला कंसल्टेंट मनीषा बिष्ट दीपक सहल, नगर निगम के सभी निरीक्षक एवं सुपरवाइजर, आशा फैसिलिटेटर आदि उपस्थित रहे।
I43 जगह मिला डेंगू का लार्वाI
डेंगू से बचाव के लिए स्वास्थ्य विभाग की ओर से घर-घर जाकर आशा कार्यकर्ता लार्वा की ढूंढ कर रही हैं। शुक्रवार को आशाओं ने 11,626 घरों का सर्वे किया। इनमें 40,118 जगह पानी भरा मिला और इसी पानी में डेंगू लार्वा की जांच की गई। इस दौरान 43 कंटेनरों में डेंगू का लार्वा मिला। इस लार्वा को मौके पर ही नष्ट करवाया गया। स्वास्थ्य विभाग की ओर से डेंगू से बचाव के लिए एक जुलाई से सर्वे कार्य शुरू हो गया है। रिपोर्ट के मुताबिक, जिले में अबतक कुल 209 जगह डेंगू का लार्वा मिल चुका है। इस लार्वा को आशाओं ने मौके पर ही नष्ट करवाया।