दून में हुई रसोई गैस की किल्लत
ब्यूरो/अमर उजाला
देहरादून। अधिकारियों के तमाम दावों के बावजूद कांवड़ यात्रा के दौरान शहर में रसोई गैस की किल्लत हो गई है। इस संबंध में अमर उजाला ने एक सप्ताह पहले ही आशंका जताई थी, जो सही साबित हुई है। कांवड़ यात्रा के दौरान रास्ते बंद होने के कारण जिले में पांच दिन से गैस की गाड़ियां नहीं पहुंच रही हैं। बुधवार को केवल एक कंपनी की गैस ही पहुंची। गैस की न मिलने से हजारों उपभोक्ता परेशान हैं।
पुलिस-प्रशासन ने कांवड़ यात्रा के लिए 5 से 9 अगस्त तक मुख्य मार्ग को बंद कर रखा है। इस मार्ग से आने वाले वाहनों को डायवर्ट किया गया है। दून में लोनी, हरिद्वार और करनाल से गैस आती है। ये मार्ग इन दिनों बंद हैं। रूट डायवर्ट होने पर खर्च बढ़ने के कारण काफी ट्रक चालकों ने गाड़ी चलाना बंद किया हुआ है।
उत्तरांचल एलपीजी डिस्ट्रिब्यूटर्स वेलफेयर एसोसिएशन के अध्यक्ष चमनलाल ने बताया कि कई दिनों से करनाल से गैस की सप्लाई नहीं हो पा रही है। बुधवार को केवल एचपी कंपनी के गैस ही दून पहुंच सकी है। अन्य दो कंपनियों की गैस नहीं आ रही है। जबकि इन कंपनियों के अधिक कनेक्शनधारक हैं। इस कारण उपभोक्ताओं को दिक्कत होने लगी है। इसके अलावा बैकलॉग भी बढ़ गया है, जिसे रूटीन में आने में एक महीना से अधिक लग सकता है।
बता दें कि जिले में इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम कार्पोरेशन (एचपीसी) की कुल 45 गैस एजेंसियां हैं, जिन पर रोजाना करीब 14 हजार सिलिंडरों की सप्लाई होती है।
उधर इस मामले में जिला आपूर्ति अधिकारी विपिन कुमार का कहना है कि मामला संज्ञान में नहीं है। संबंधित कंपनियों से जानकारी लेकर व्यवस्था सुचारु करने का प्रयास किया जाएगा।