घटना की जानकारी देतीं मृतका के परिवार की महिलाएं।
- फोटो : amarujala
राजापुर (चित्रकूट)। संदिग्ध हालात में महिला की आग से जलकर मौत हो गई। मायका पक्ष ने ससुराल वालों पर उत्पीड़न का आरोप लगाकर कौशांबी जिले के महेवा थाने में तहरीर दी। ससुराल वालों ने बताया कि आग लगने के कारण की जानकारी नहीं है।
चित्रकूट जिले के कोतवाली क्षेत्र के कसहाई निवासी भाेंडा यादव की पुत्री अमृता यादव (26) का छह साल पूर्व कौशांबी जिले के उमरावा शाहपुर निवासी ओमप्रकाश यादव पुत्र रामबचन के साथ हुआ था। जानकारी के अनुसार मंगलवार की शाम को ससुराल में अचानक आग लगने से अमृता गंभीर रूप से झुलस गई। पति के चाचा राममिलन ने बताया कि घटना के समय घर में उसके पति व अन्य परिजन खेत में थे। जानकारी मिलने पर उसे गांव से नजदीक होने पर राजापुर अस्पताल लाया गया। जहां डाक्टरों ने रात को ही हालत गंभीर होने पर जिला अस्पताल रेफर कर दिया। रास्तेे में ही उसकी मौत हो गई।
इधर सूचना मिलते ही मृतका के पिता भोंडा यादव व भाई भोला यादव जिला अस्पताल पहुंचे। पुलिस सूचना दी गई। पुलिस ने शव का पंचनामा कराया। मृतका के पिता ने बताया कि उसकी पुत्री को आए दिन प्रताड़ित किया जाता था। उसका पति नशे का आदी था और पत्नी को आए दिन मारता पीटता था। इसका विरोध करने पर ससुराल वालों ने आग लगाकर पुत्री को जला दिया है। इस संबंध में महेवा थाने में पति सास ससुर, देवर व ननद के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। उधर, ससुरालीजनों ने मारपीट व जलाकर मारने के आरोप को गलत बताया है। बताया कि घटना के समय घर में कोई नहीं था।
15 दिन पूर्व नागपुर से लौटा था पति
चित्रकूट। मृतका अमृता का पति नागपुर में मजदूरी करता था। परिजनों के अनुसार वह 15 दिन पूर्व ही वहां से लौटा था। मृतका के एक पुत्र व एक पुत्री है।