आपको याद होगा वर्ल्ड कप 2011 की वह सुनहरी यादें जब टीम इंडिया ने वह कर दिखाया था जिसकी किसी को भी उम्मीद नहीं थी। भारत 28 साल के लंबे इंतजार के बाद दूसरी बार वर्ल्ड चैंपियन बना।
इस वर्ल्ड कप में टीम इंडिया के जिस सितारे ने वर्ल्ड कप जीतने में अहम भूमिका निभाई वह युवराज ही थे, इसमें कोई शक नहीं है। हां ऐसा नहीं है कि सिर्फ युवराज ने अकेले दम पर टीम को वर्ल्ड चैंपियन बनाया। वर्ल्ड कप 2011 जीतने का श्रेय उस वक्त टीम इंडिया के हर खिलाड़ी को जाता है। सभी ने अपने-अपने स्तर से पूरा योगदान दिया।
लेकिन पूरे टूर्नामेंट के मैन ऑफ द मैच रहे युवराज की शानदार बल्लेबाजी और गेंदबाजी ने टीम इंडिया की जीत की नींव डाली। युवराज ने वर्ल्ड कप 2011 में 113.36 के औसत से कुल 362 रन बनाए। इसमें 1 शतक और 4 अर्धशतक भी शामिल हैं। इसके अलावा गेंदबाजी में भी अपना जौहर दिखाते हुए 15 विकेट भी चटके।
आपको बता दें कि वर्ल्ड कप 2011 में युवराज ने कपिल देव का 28 साल पुराना वर्ल्ड रिकॉर्ड भी तोड़ा था। 1983 के वर्ल्ड कप में कपिल देव ने ऑलराउंडर की भूमिका में कुल 302 रन बनाए और 12 विकेट झटके थे। जिसे युवराज ने तोड़ दिया है।