यूएई और ओमान में अगले महीने से टी-20 वर्ल्ड कप की जंग शुरू हो जाएगी। आईसीसी के इस विश्वस्तरीय टूर्नामेंट में दुनियाभर की श्रेष्ठ टीमें हिस्सा लेंगी और खिताब के लिए जोर लगाएंगी। भारतीय टीम इस बार के विश्व कप की मेजबान होने के साथ-साथ खिताब की प्रबल दावेदारों में से एक है। इस बात को ध्यान में रखते हुए बीसीसीआई ने भी बुधवार को 15 सदस्यीय दल का एलान कर दिया।
बीसीसीआई ने धोनी को इस टूर्नामेंट के लिए टीम का मेंटर बनाकर सभी को चौंका दिया है। पूर्व कप्तान और विश्व कप विजेता खिलाड़ी महेंद्र सिंह धोनी अपने खेल के साथ-साथ रणनीति के लिए भी जाने जाते हैं, ऐसे में टीम चयन में कहीं न कहीं उनकी छाप भी दिखी है। चेतन शर्मा की अगुवाई वाली चयनकर्ताओं की टीम ने इस टूर्नामेंट के लिए स्पिनरों पर दांव लगाया है।
टीम इंडिया की 15 खिलाड़ियों की सूची में आठ गेंदबाज हैं जिनमें पांच फुल टाइम स्पिनर मौजूद हैं। यूएई और ओमान की परिस्थिति और वहां के बड़े स्टेडियमों को ध्यान में रखते हुए चयनकर्ताओं ने स्पिनरों पर अधिक भरोसा जताया है। हालांकि यह फैसला कितना सही साबित होगा, यह तो समय बताएगा।
स्पिनरों की बात करें तो अनुभवी ऑफ स्पिनर रविचंद्रन अश्विन को आईपीएल में शानदार प्रदर्शन का इनाम मिला है और उनकी चार साल बाद राष्ट्रीय टीम में वापसी हुई है। इनके अलावा रविंद्र जडेजा और अक्षर पटेल को स्पिन ऑलराउंडर के रूप में टीम में शामिल किया गया है। जबकि आईपीएल और पिछले कुछ मुकाबलों में लगातार अच्छा प्रदर्शन करने वाले राहुल चाहर पर भी भरोसा जताया गया है। इनके अलावा मिस्ट्री स्पिनर और सात तरह की गेंद डालने वाले वरुण चक्रवर्ती से भी उम्मीदें रखी गयी हैं।
भारत को टूर्नामेंट का पहला मुकाबला ग्रुप स्टेज में 24 अक्टूबर को खेलना है, यहां उसके सामने चिर प्रतिद्वंदी पाकिस्तान की टीम होगी। ऐसे में देखना होगा कि पहले मुकाबले में भारतीय टीम अपने अंतिम एकादस में कितने स्पिनर्स को खिलाती है।